Breaking Tube
Business Government

UP में विदेशी निवेश आकर्षित करने के लिए कैबिनेट मंत्रियों की अगुवाई में समिति गठित, यह है प्लान

उत्तर प्रदेश में विदेशी निवेश आकर्षित करने के लिए राज्य सरकार ने कैबिनेट मंत्रियों सतीश महाना (Satish Mahana) और सिद्धार्थ नाथ सिंह (Sidharth Nath Singh) की अगुवाई में एक समिति गठित की है. राज्य सरकार के एक प्रवक्ता ने बृहस्पतिवार को यहां बताया कि औद्योगिक विकास मंत्री सतीश महाना और सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्री सिद्धार्थ नाथ सिंह के नेतृत्व में एक समिति का गठन किया है. यह समिति निवेश के लिए विभिन्न देशों की कम्पनियों से बात कर उत्तर प्रदेश में उद्योग स्थापित करने के लिए संभावनाओं को तलाशेगी.


राज्या सरकार के प्रवक्ता ने बताया कि कोविड-19 की वैश्विक महामारी के कारण अनेक जानी-मानी कंपनियां चीन से पलायन कर रही हैं. इन कंपनियों का रूख उत्तर प्रदेश की ओर मोड़ने के लिए ये मंत्री उत्तर प्रदेश के सामथ्र्य एवं संसाधनों तथा उद्योग के अनुकूल वातावरण को दिखाते हुए इन्हें उत्तर प्रदेश आने के लिए तैयार करेंगे. इस संबंध में विचार-विमर्श करने के लिए आज एक बैठक आयोजित की गई. इस उच्च स्तरीय बैठक में मंत्री सतीश महाना और सिद्धार्थ नाथ सिंह भी शामिल हुए. उत्तर प्रदेश में विदेशी निवेश लाने के लिए हेल्प डेस्क स्थापित करने तथा निवेश प्रोत्साहन विभाग के ढांचे को मजबूत बनाने की रणनीति पर चर्चा हुई.


बैठक में यूरोपियन यूनियन की सुविधा के लिए एमएसएमई विभाग के प्रमुख सचिव नवनीत सहगल की देख-रेख में हेल्प डेस्क स्थापित करने का निर्णय लिया गया. इसके अलावा बैठक में निवेश को आकर्षित करने के लिए वेबसाइट तैयार करने और इसमें भूमि बैंक की पूरी जानकारी उपलब्ध कराने पर सहमति बनी. इसी प्रकार मानव संसाधन और कुशल श्रमिकों का डाटाबेस तैयार कराने का निर्णय लिया गया है. साथ ही हर 15 दिन के अन्दर समिति की बैठक आयोजित कराने के निर्देश दिए गए.


उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर अमेरिका के निवेशकों के लिए औद्योगिक विकास आयुक्त आलोक टण्डन, कोरियाई कम्पनियों की सहायता के लिए प्रमुख सचिव-औद्योगिक विकास आलोक कुमार तथा जापानी उद्यमियों की सहूलियत के लिए मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव एस0पी0 गोयल की देख-रेख में हेल्प डेस्क बनायी गयी है.


चीनी कंपनियों को आकर्षित करने की तैयारी

औद्योगिक विकास मंत्री सतीश महाना ने बताया कि यूपी सरकार की नजर उन देशों की कंपनियों पर है, जो अब चीन से अपने कदम वापस खींचना चाहते हैं. उन्हें आकर्षित करने का प्रयास चल रहा है. महाना ने बताया कि राज्य सरकार ने अपनी नीतियों में काफी बदलाव किए हैं. अब दूसरे देशों की निवेश नीति का भी अध्ययन किया जाएगा, फिर जरूरत अनुसार और बदलाव किए जा सकते हैं. इसके साथ ही जापान की कंपनियों को आकर्षित करने के लिए अलग से टाउनशिप विकसित करने का विचार है. वहां उन्हें आवासीय सुविधा भी दी जाएगी. इसके लिए विभाग के पास औरैया में करीब पांच सौ एकड़ और उन्नाव की ट्रांसगंगा सिटी में भी जमीन है.


Also Read: यूपी: उद्यमियों में दिखा MSME को लेकर उत्साह, बोले- सरकार ने दी संजीवनी


( देश और दुनिया की खबरों के लिए हमें फेसबुक पर ज्वॉइन करें, आप हमें ट्विटर पर भी फॉलो कर सकते हैं. )

Related news

रिलायंस फाउंडेशन ‘अन्न सेवा’ से पहुंचाएगा 3 करोड़ से अधिक तक भोजन, नीता अंबानी बोलीं- दिहाड़ी मजदूर परिवार के सदस्य

Jitendra Nishad

PM मोदी ने किया राम मंदिर ट्रस्ट का ऐलान, ‘श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र’ करेगा अयोध्या में मंदिर का निर्माण

Jitendra Nishad

सरकार के इस कदम से बंद हो सकते हैं Alexa और गूगल होम! अगले महीने से लाखों स्मार्टफोन पर नहीं चलेगा WhatsApp

S N Tiwari