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UP: ड्यूटी के दौरान सिपाहियों के मोबाइल चलाने पर ADG सख्त, सभी कप्तानों को निर्देश- 3 दिन के लिए जब्त कर लें मोबाइल

बरेली जिले के एडीजी अविनाश चंद्र शुरू से ही सिपाहियों के ड्यूटी के वक्त फोन चलाने के खिलाफ रहे हैं। उनका मानना है कि ड्यूटी के वक्त फोन चलाने से काम सही से नहीं हो पाता। हाल ही में निरीक्षण के दौरान उन्होंने फिर देखा कि सिपाही ड्यूटी के समय आराम से बैठ कर मोबाइल का इस्तेमाल कर रहे थे। जिसके बाद अब उन्होंने सख्त आदेश जारी करते हुए ये कहा है कि ड्यूटी के दौरान मोबाइल चलाने वाले कर्मियों को टोका जाए। अर्दली रूम में दंडित किया जाए। बावजूद सुधार न दिखे और दोबारा ऐसी हरकत करते पकड़े जाने पर तीन दिन के लिए मोबाइल जब्त करने की कार्रवाई की जाए।


एडीजी ने कहा ये

जानकारी के मुताबिक, बरेली जोन के जनपदों में कानून-व्यवस्था के निरीक्षण के दौरान एडीजी अविनाश चंद्र ने राह गुजरते निगाह दौड़ाई तो अधिकतर मोबाइल फोन चलाते दिखे। इसी के बाद एडीजी ने बरेली व मुरादाबाद मंडल के पुलिस कप्तानों काे नाराजगी भरे लहजे में पत्र लिखा। उन्होंने अपने पत्र में लिखा कि वीआइपी ड्यूटी, पिकेट ड्यूटी, चीता मोबाइल, पीआरवी 112 में लगे पुलिसकर्मी विशेषकर 2018-19 बैच के सिपाही ड्यूटी के दौरान मोबाइल में मग्न रहते हैं। उनको यह आभास तक नहीं होता कि कौन आ रहा है और कौन जा रहा है


फलस्वरूप यह शारीरिक रूप से तो ड्यूटी पर रहते है लेकिन, मानसिक रूप से नहीं। सारा ध्यान सिर्फ मोबाइल पर केंद्रित रहता है। ऐसे में किसी भी समय अप्रिय घटना से इन्कार नहीं किया जा सकता। पुलिस विभाग जैसे अनुशासित बल में नियुक्त रहते हुए यह लापरवाही कर्त्तव्य के प्रति उदासीनता का प्रतीक है। बड़ी बात ये है कि ऐसे लापरवाह पुलिसकर्मियों पर अफसर कार्रवाई नहीं करते। इससे आम जनमानस में पुलिस के प्रति खराब छवि बनती है। पुलिस विभाग उपहास का पात्र बनता है। ऐसे में इस तरह की कार्यप्रणाली में अंकुश लगाए जाने के लिए एएसपी, सीओ, प्रतिसार निरीक्षक और थाना प्रभारी ऐसे लापरवाह कर्मियों को टोके और न मानने पर कार्रवाई सुनिश्चित करें।


तीन दिन को जब्त करें मोबाइल

आगे पत्र में एडीजी ने लिखा कि पुलिस कप्तान खुद के साथ एएसपी, सीओ, प्रतिसार निरीक्षक व थाना प्रभारी के जरिए चेकिंग कराएं। ड्यूटी के दौरान मोबाइल चलाने वाले कर्मियों को टोका जाए। अर्दली रूम में दंडित किया जाए। बावजूद सुधार न दिखे और दोबारा ऐसी हरकत करते पकड़े जाने पर तीन दिन के लिए मोबाइल जब्त करने की कार्रवाई की जाए। कहा कि निरीक्षण के दौरान हमें यदि दोबारा हमें ऐसी शिथिलता मिलती है तो संबंधित पुलिसकर्मी पर कार्रवाई के साथ थाना प्रभारी, सीओ, एएसपी और प्रतिसार निरीक्षक के विरूद्ध दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।


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