कुशीनगर जिले के कसया थाना क्षेत्र में गोरखपुर रोड पर स्थित एक कर्बला पर अवैध अतिक्रमण का आरोप लगने के बाद तहसील प्रशासन ने पैमाइश शुरू की। वित्तीय वर्ष 2015-16 में बने बाउंड्री वाल की जांच में अवैध अतिक्रमण की पुष्टि हुई और उसे निशानित किया गया। विश्व हिंदू परिषद के जिला उपाध्यक्ष प्रियेश पाठक की सीएम पोर्टल पर शिकायत के बाद यह कार्रवाई हुई। मौके पर काफी संख्या में मुस्लिम समुदाय के लोग जुट गए। कर्बला के केयरटेकर इनमुल्लाह ने दावा किया कि यह स्थान हजारों साल पुराना और धार्मिक आस्था से जुड़ा है। प्रशासन आगे की कार्रवाई में जुटा हुआ है।
पैमाइश और प्रशासन की कार्रवाई
कसया तहसील प्रशासन की टीम रविवार को कर्बला परिसर पहुंची। टीम ने चारों दिशाओं की पैमाइश की और बाउंड्री वाल के अवैध अतिक्रमण की पुष्टि की। पैमाइश के दौरान बाउंड्री वाल पर निशान लगाए गए। राजस्व कर्मचारियों ने मौके पर पूरी प्रक्रिया का वीडियो और फोटो भी लिया। पुलिस बल भी मौके पर मौजूद रहा। प्रशासन का कहना है कि पैमाइश रिपोर्ट तैयार होने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
VHP की शिकायत और आरोप
विश्व हिंदू परिषद कुशीनगर के जिला उपाध्यक्ष प्रियेश पाठक ने सीएम पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने आरोप लगाया कि गोरखपुर रोड पर स्थित यह कर्बला अवैध रूप से अतिक्रमण कर बनाया गया है और सरकारी जमीन पर कब्जा किया गया है। VHP ने मांग की थी कि अवैध निर्माण को तत्काल हटाया जाए और जमीन को मुक्त कराया जाए।
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कर्बला केयरटेकर का दावा
कर्बला के केयरटेकर इनमुल्लाह ने बताया कि यह कर्बला हजारों साल पुराना है और स्थानीय मुस्लिम समुदाय की धार्मिक आस्था से जुड़ा हुआ है। उन्होंने कहा कि बाउंड्री वाल 2015-16 में बनाया गया था और यह पूरी तरह कानूनी प्रक्रिया से हुआ था। इनमुल्लाह ने प्रशासन से अपील की कि इस मामले में किसी भी तरह की जल्दबाजी न की जाए और सभी पक्षों की सुनवाई हो।
स्थानीय लोगों में तनाव
पैमाइश के दौरान काफी संख्या में मुस्लिम समुदाय के लोग जुट गए। स्थिति को देखते हुए पुलिस बल भी तैनात रहा। फिलहाल कोई तनावपूर्ण घटना नहीं हुई, लेकिन स्थानीय स्तर पर चर्चा और असमंजस का माहौल बना हुआ है। प्रशासन ने शांति बनाए रखने की अपील की है।
*आगे क्या होगा*
प्रशासन ने कहा है कि पैमाइश रिपोर्ट तैयार होने के बाद मामले में आगे की कार्रवाई तय की जाएगी। इसमें जमीन के रिकॉर्ड, पुराने दस्तावेजों और कानूनी दावों की जांच की जाएगी। दोनों पक्षों को अपना पक्ष रखने का पूरा मौका दिया जाएगा। फिलहाल स्थिति पर कड़ी नजर रखी जा रही है ताकि कोई अप्रिय घटना न हो।
यह मामला कुशीनगर में धार्मिक स्थलों और अतिक्रमण से जुड़े विवादों को फिर से सुर्खियों में ला रहा है। प्रशासन की अगली कार्रवाई पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं।
INPUT-Raj Kumar Giri












































