3 फरवरी 2026 को लखनऊ में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवं केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी ने केंद्रीय बजट 2026-27 पर प्रेस कॉन्फ्रेंस की। उन्होंने इसे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में “देश के भविष्य का रोडमैप” और “विजन डॉक्यूमेंट” बताया, जो कागजी लेखा-जोखा नहीं बल्कि 2047 तक विकसित भारत के सपने को साकार करने वाला है। चौधरी ने कहा कि मोदी सरकार के 11 सालों में हर बजट विकास को समर्पित रहा है। यह बजट ऑपरेशन सिंदूर (मई 2025 में पाकिस्तान आधारित आतंकी ठिकानों पर भारत की सफल सैन्य कार्रवाई) के बाद पहला केंद्रीय बजट है, जिसका आकार बड़ा है और फोकस आत्मनिर्भरता, इंफ्रास्ट्रक्चर, सेमीकंडक्टर, AI और किसानों पर है। बजट को “युवा शक्ति-ड्रिवन” बताया गया, जो गरीब, युवा, अन्नदाता और नारी पर केंद्रित है।
बजट की मुख्य घोषणाएं और चौधरी के बयान
पंकज चौधरी ने बजट को मोदी सरकार के विकास मॉडल का प्रतीक करार दिया। उन्होंने प्रमुख प्रावधानों पर जोर देते हुए कहा:
- इंफ्रास्ट्रक्चर पर बड़ा फोकस, अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।
- परिवहन को तेज और आधुनिक बनाने के लिए 7 नई हाई-स्पीड ट्रेनें (हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर) घोषित।
- चुनिंदा शहरों को इकोनॉमिक हब बनाने की तैयारी।
- इंडिया सेमीकंडक्टर मिशन को मजबूत बनाना, भारत अब विदेशों पर निर्भर नहीं रहेगा।
- सेमीकंडक्टर सेक्टर में ठोस बजटीय प्रावधान (ISM 2.0 सहित) प्लग एंड प्ले मॉडल पर नए औद्योगिक पार्क।
- देश में ही शिपिंग कंटेनर बनाने के लिए 20 हजार करोड़ का प्रावधान, आयात निर्भरता कम होगी।
- उद्योग नगरी के पास 5 नए विश्वविद्यालय खुलेंगे।
- कस्टम ड्यूटी में बड़ी कटौती से व्यापार को राहत और उद्योग-निवेश को बढ़ावा।
- किसानों के लिए AI आधारित योजनाएं (जैसे Bharat-VISTAAR multilingual AI tool), तकनीक से खेती को नया आयाम।
इंफ्रास्ट्रक्चर और हाई-स्पीड रेल: विकास की नई गति
बजट में इंफ्रास्ट्रक्चर को प्राथमिकता दी गई है। चौधरी ने 7 हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर की सराहना की, जो मुंबई-पुणे, पुणे-हैदराबाद, हैदराबाद-बेंगलुरु, हैदराबाद-चेन्नई, चेन्नई-बेंगलुरु, दिल्ली-वाराणसी और वाराणसी-सिलीगुड़ी को जोड़ेंगे। इनसे यात्रा समय काफी कम होगा (उदाहरण: चेन्नई-बेंगलुरु 1.5 घंटे में) और आर्थिक विकास को गति मिलेगी। चौधरी ने कहा कि परिवहन व्यवस्था अब और तेज व आधुनिक होगी, जो शहरों को इकोनॉमिक हब बनाएगी और पर्यावरण-अनुकूल यात्री परिवहन को बढ़ावा देगी।
सेमीकंडक्टर, आत्मनिर्भरता और औद्योगिक विकास
चौधरी ने इंडिया सेमीकंडक्टर मिशन को भारत की बड़ी ताकत बताया। बजट में ISM 2.0 के तहत सेमीकंडक्टर सेक्टर के लिए ठोस प्रावधान हैं, जिसमें उपकरण उत्पादन, फुल स्टैक इंडियन IP और सप्लाई चेन मजबूती शामिल है। प्लग एंड प्ले औद्योगिक पार्क और शिपिंग कंटेनर निर्माण के लिए 20 हजार करोड़ का प्रावधान आत्मनिर्भरता बढ़ाएगा। कस्टम ड्यूटी कटौती से व्यापार आसान होगा, निवेश बढ़ेगा और MSME मजबूत होंगे।
किसानों, शिक्षा और युवा पर फोकस
बजट में किसानों के लिए AI आधारित योजनाएं प्रमुख हैं, जैसे Bharat-VISTAAR (मल्टीलिंगुअल AI टूल) जो AgriStack और ICAR डेटा से जुड़कर फसल उत्पादकता बढ़ाएगा, जोखिम कम करेगा और किसानों को कस्टमाइज्ड सलाह देगा। चौधरी ने कहा कि तकनीक से खेती को नया आयाम मिलेगा। शिक्षा में उद्योग नगरी के पास 5 नए विश्वविद्यालय और AVGC कंटेंट क्रिएटर लैब्स का प्रावधान युवाओं की स्किलिंग को बढ़ावा देगा।
विकसित भारत 2047 की ओर मजबूत कदम
पंकज चौधरी ने बजट को “पीएम मोदी का विजन डॉक्यूमेंट” कहा, जो ऑपरेशन सिंदूर के बाद राष्ट्रीय सुरक्षा, आर्थिक मजबूती और समावेशी विकास को एक साथ संबोधित करता है। उन्होंने इसे युवा शक्ति-ड्रिवन बजट बताया, जो गरीब कल्याण के साथ आत्मनिर्भरता और समृद्धि का आधार है। चौधरी के अनुसार, यह बजट मोदी सरकार के 11 सालों की विकास यात्रा का प्रतिबिंब है और भारत को वैश्विक शक्ति बनाने की दिशा में निर्णायक कदम है।
INPUT-ANANYA MISHRA












































