UP: लखनऊ स्थित CNS ट्रेनिंग सेंटर में आज मोनोपल्स सेकेंडरी सर्विलांस रडार (MSSR) ELDIS-2 पर आधारित प्रोजेक्ट लीड इंस्ट्रक्टर (PLI) कोर्स का औपचारिक शुभारंभ हुआ। एयरपोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया (AAI) द्वारा आयोजित यह चार सप्ताह का अत्याधुनिक प्रशिक्षण कार्यक्रम देश में MSSR तकनीक को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। कार्यक्रम का उद्घाटन उत्तर प्रदेश के मुख्य सचिव आई.पी. सिंह ने गरिमामय तरीके से किया। इस मौके पर AAI के वरिष्ठ अधिकारी, प्रशिक्षक और प्रशिक्षणार्थी मौजूद रहे।
देशभर से आए प्रशिक्षणार्थी
इस विशेष कोर्स में देश के विभिन्न हिस्सों से आए AAI के तकनीकी अधिकारी और एयर ट्रैफिक कंट्रोल (ATC) से जुड़े कर्मचारी भाग ले रहे हैं। यह पहली बार है जब लखनऊ CNS ट्रेनिंग सेंटर में MSSR (ELDIS-2) पर इतने व्यापक स्तर का PLI स्तर का प्रशिक्षण शुरू किया गया है। प्रशिक्षणार्थी इस दौरान MSSR सिस्टम की कार्यप्रणाली, रखरखाव, ट्रबलशूटिंग, सॉफ्टवेयर अपडेशन और नवीनतम तकनीकी पहलुओं पर विस्तृत ट्रेनिंग लेंगे। कार्यक्रम का उद्देश्य है कि प्रशिक्षित इंस्ट्रक्टर आगे चलकर अपने-अपने क्षेत्रों में अन्य कर्मचारियों को प्रशिक्षित कर सकें।
MSSR (ELDIS-2) क्यों महत्वपूर्ण
MSSR (Monopulse Secondary Surveillance Radar) ELDIS-2 एक आधुनिक सर्विलांस रडार सिस्टम है, जो हवाई यातायात प्रबंधन (ATM) में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। यह पुराने SSR सिस्टम की तुलना में अधिक सटीक, विश्वसनीय और उच्च क्षमता वाला है। ELDIS-2 तकनीक से एयरक्राफ्ट की पहचान, ऊंचाई, दूरी और गति का बेहतर पता चलता है, जिससे एयर ट्रैफिक कंट्रोलरों को सुरक्षित और कुशलता से विमान संचालन में मदद मिलती है। AAI द्वारा देशभर में इस सिस्टम को अपग्रेड और स्थापित किया जा रहा है, और इसके लिए प्रशिक्षित मानव संसाधन की आवश्यकता है।
हवाई सुरक्षा को नई मजबूती
इस प्रशिक्षण कार्यक्रम से एयर ट्रैफिक सर्विसेज (ATS) की क्षमता और सुरक्षा में उल्लेखनीय सुधार होगा। लखनऊ ATS कॉम्प्लेक्स में आयोजित इस कोर्स का माहौल बेहद उत्साहपूर्ण और अनुशासित रहा। AAI के अधिकारियों ने बताया कि यह कोर्स न केवल तकनीकी ज्ञान बढ़ाएगा, बल्कि भविष्य में बढ़ते हवाई यातायात को संभालने के लिए तैयार करेगा। MSSR ELDIS-2 पर आधारित यह प्रशिक्षण हवाई दुर्घटना की संभावना को कम करने और उड़ान संचालन को और सुरक्षित बनाने में सहायक साबित होगा।
AAI का बड़ा कदम
एयरपोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया ने इस प्रशिक्षण को राष्ट्रीय स्तर पर महत्वपूर्ण बताया है। लखनऊ CNS ट्रेनिंग सेंटर को इस तरह के अत्याधुनिक कोर्स के लिए चुना जाना क्षेत्रीय क्षमता और बुनियादी ढांचे की मजबूती को दर्शाता है। मुख्य सचिव आई.पी. सिंह ने उद्घाटन के दौरान कहा कि यह कार्यक्रम न केवल तकनीकी विकास का प्रतीक है, बल्कि देश की बढ़ती एविएशन जरूरतों को पूरा करने की दिशा में एक ठोस प्रयास है। प्रशिक्षण के सफल समापन के बाद प्रशिक्षित इंस्ट्रक्टर पूरे देश में इस तकनीक के प्रसार में अहम भूमिका निभाएंगे।

















































