UP: इटावा में लंबे समय से लंबित तीन आपराधिक मामलों की सुनवाई पूरी होने के बाद अदालतों ने शुक्रवार को दो दोषियों के खिलाफ सजा का फैसला सुनाया। मामलों में सड़क हादसा, एनडीपीएस एक्ट और आर्म्स एक्ट से जुड़े अपराध शामिल थे। न्यायालयों ने दोष सिद्ध होने पर कारावास के साथ अर्थदंड भी लगाया।
2012 के सड़क हादसे में सुशील कुमार दोषी
थाना सिविल लाइन में वर्ष 2012 में दर्ज सड़क हादसे के मामले में विजय नगर निवासी सुशील कुमार को विशेष न्यायिक मजिस्ट्रेट ने दोषी करार दिया। सुनवाई पूरी होने के बाद कोर्ट ने उसे कोर्ट उठने तक के कारावास की सजा सुनाई। साथ ही पांच हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया।
एनडीपीएस केस में लाल सिंह को सजा
थाना बकेवर में वर्ष 2014 में दर्ज एनडीपीएस एक्ट के मामले में जाजपुर, थाना अजीतमल, औरैया निवासी लाल जी सिंह को एसीजेएम कोर्ट ने दोषी पाया। अदालत ने उसे जेल में पहले से बिताई गई अवधि के बराबर कारावास की सजा दी। इसके अलावा चार हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया।
आर्म्स एक्ट मामले में भी दोष सिद्ध
लाल जी सिंह के खिलाफ थाना बकेवर में वर्ष 2013 में आर्म्स एक्ट के तहत भी मुकदमा दर्ज किया गया था। इस मामले की सुनवाई के बाद कोर्ट ने उसे दोषी ठहराते हुए जेल में बिताई गई अवधि के बराबर सजा सुनाई। अदालत ने उस पर 1500 रुपये का जुर्माना भी लगाया।
पुराने मामलों में जारी है कार्रवाई
तीनों मामलों में अदालतों के फैसलों के बाद दो दोषियों को सजा मिली है। न्यायालयों के इन निर्णयों से यह भी सामने आया कि वर्षों पुराने मामलों की सुनवाई पूरी कर दोष सिद्ध होने पर कानूनी कार्रवाई जारी है। संबंधित अदालतों ने कारावास के साथ जुर्माने की सजा सुनाकर मामलों का निस्तारण किया।



