UP: गोरखपुर (Gorakhpur) के कैंपियरगंज क्षेत्र में एक बार फिर साइबर ठगी (Cyber Fraud) का बड़ा मामला सामने आया है। 36 वर्षीय व्यापारी आनंद प्रकाश यादव को फेसबुक पर दोस्ती करने वाली एक युवती ने ट्रेडिंग के नाम पर 18 लाख रुपये ठग लिए। युवती ने पहले छोटी रकम से ट्रेडिंग करवाकर विश्वास जीता और फिर कमीशन के नाम पर बड़ी रकम ऐंठ ली। जब पैसे नहीं लौटे और युवती का नंबर बंद हो गया तो आनंद को जालसाजी का अहसास हुआ। पीड़ित ने साइबर क्राइम थाने में तहरीर देकर मामला दर्ज कराया है। पुलिस जांच में जुटी हुई है।
कैसे हुई ठगी?
आनंद प्रकाश यादव महावनखोर गांव के निवासी हैं और बिजनेस करते हैं। जनवरी माह में फेसबुक पर निधि मिश्रा नाम की एक युवती ने उन्हें फ्रेंड रिक्वेस्ट भेजी। आनंद ने रिक्वेस्ट स्वीकार कर ली। शुरुआत में सामान्य बातचीत हुई, लेकिन धीरे-धीरे निधि ने उनका व्हाट्सएप नंबर ले लिया और रोजाना बात करने लगी। उसने आनंद को ट्रेडिंग का लालच दिया और कहा कि इससे कम समय में बहुत अधिक कमाई हो सकती है।आनंद ने उसकी बातों पर विश्वास कर दिया। निधि ने कहा कि पहले 50 हजार रुपये जमा कराएं। आनंद ने 50 हजार रुपये एक बैंक खाते में ट्रांसफर कर दिए। कुछ दिन बाद निधि ने फोन कर बताया कि 50 हजार से 57 लाख रुपये का प्रॉफिट हुआ है। उसने आनंद को हर्ष गोयंका नाम के एक व्यक्ति से बात भी कराई, जिसने भी यही बात दोहराई।
निधि और हर्ष ने बताया कि 57 लाख रुपये निकालने के लिए 18 लाख रुपये कमीशन जमा करना होगा। निधि ने कई बैंक खाते नंबर भेजे और आनंद ने 22 जनवरी से 31 जनवरी के बीच अलग-अलग खातों में कुल 18 लाख रुपये ट्रांसफर कर दिए। पैसे जमा होने के बाद निधि ने कहा कि जल्द ही 57 लाख रुपये आ जाएंगे। लेकिन कई दिनों तक इंतजार करने के बाद भी पैसे नहीं आए। जब आनंद ने निधि को कॉल किया तो उसका नंबर बंद मिला। कई बार कोशिश करने पर भी बात नहीं हुई। तब आनंद को साइबर जालसाजी का अहसास हुआ।
पुलिस में शिकायत
आनंद ने शुक्रवार को साइबर क्राइम थाने में तहरीर देकर मुकदमा दर्ज कराया। उन्होंने बताया कि निधि मिश्रा नाम की युवती ने फेसबुक पर दोस्ती कर उसे ट्रेडिंग के चक्कर में फंसाया। उसने 18 लाख रुपये अलग-अलग खातों में जमा कराए। बाद में पता चला कि यह सब जालसाजी थी।साइबर क्राइम थाना प्रभारी मो. रशीद खान ने बताया कि मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। ठगी के सभी खाते और लेन-देन की डिटेल्स जांच के लिए भेजी गई हैं। बैंक खातों की जांच और आरोपी की लोकेशन ट्रेस करने का प्रयास किया जा रहा है। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे किसी भी ऑनलाइन ट्रेडिंग या निवेश के नाम पर पैसे न ट्रांसफर करें और ऐसी बातों पर विश्वास न करें।
परिवार और समाज में सदमा
आनंद के परिवार में गहरा सदमा है। परिजनों ने बताया कि आनंद ने पूरी मेहनत से कमाए पैसे इस जालसाजी में गंवा दिए। अब परिवार आर्थिक तंगी का सामना कर रहा है। इलाके में लोग इस घटना से हैरान हैं और साइबर ठगी के बढ़ते मामलों पर चिंता जता रहे हैं।









































