उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य से मिले पंकज चौधरी और रविंद्र कुशवाहा, शिष्टाचार मुलाकात से सियासी हलचल

लखनऊ : उत्तर प्रदेश की राजनीति में 2027 विधानसभा चुनाव की तैयारियां तेज हो रही हैं। इसी बीच आज (14 जनवरी 2026) उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य के सरकारी आवास 7, कालिदास मार्ग, लखनऊ पर भाजपा के नए प्रदेश अध्यक्ष और केंद्रीय राज्य मंत्री पंकज चौधरी तथा पूर्व सांसद रविंद्र कुशवाहा ने शिष्टाचार मुलाकात की। यह मुलाकात साधारण दिखाई दे रही है, लेकिन राजनीतिक हलकों में इसे संगठन-सरकार के बेहतर तालमेल और आगामी चुनावी रणनीति की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

केशव मौर्य से पंकज-रविंद्र की अहम मुलाकात

उत्तर प्रदेश के उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य के लखनऊ स्थित सरकारी आवास 7, कालिदास मार्ग पर आज एक महत्वपूर्ण शिष्टाचार मुलाकात हुई। भाजपा उत्तर प्रदेश के नवनिर्वाचित प्रदेश अध्यक्ष तथा केंद्रीय राज्य मंत्री पंकज चौधरी और पूर्व सांसद रविंद्र कुशवाहा ने उप मुख्यमंत्री से भेंट की।

ओबीसी नेतृत्व मजबूत करने की दिशा में पंकज-केशव की चर्चा

यह मुलाकात हाल ही में (दिसंबर 2025) पंकज चौधरी के भाजपा यूपी प्रदेश अध्यक्ष बनने के बाद हो रही है। पंकज चौधरी को केंद्रीय नेतृत्व ने ओबीसी चेहरे के रूप में चुना है, ताकि कुर्मी-मौर्य-कुशवाहा जैसे समुदायों में पार्टी की पकड़ मजबूत हो सके। पिछले लोकसभा चुनावों में भाजपा को ओबीसी वोटों में कुछ नुकसान हुआ था, इसलिए ऐसे मुलाकातों को संगठन और सरकार के बीच समन्वय बढ़ाने का संकेत माना जा रहा है।

कुर्मी-मौर्य-कुशवाहा वोट बैंक पर BJP की नजर: पंकज-केशव मुलाकात

रविंद्र कुशवाहा, जो कुशवाहा समाज से हैं, की मौजूदगी से भी यह मुलाकात जातीय संतुलन बनाने की कोशिश लग रही है। केशव प्रसाद मौर्य खुद मौर्य (कुशवाहा) समाज के प्रमुख नेता हैं, और यह मुलाकात ओबीसी वोट बैंक को मजबूत करने की दिशा में देखी जा रही है।

राजनीतिक विश्लेषकों की राय 

राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह शिष्टाचार मुलाकात मंत्रिमण्डल के विस्तार और 2027 के विधानसभा चुनाव की तैयारियों का हिस्सा हो सकती है, जहां भाजपा संगठन और सरकार के बीच कोई गैप नहीं रहने देना चाहती।