जनता ने राजनीतिक कचरा हटाया तो 9 वर्षों में स्वच्छ हुआ उत्तर प्रदेश: सीएम योगी

UP: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (CM Yogi Adityanath) ने बुधवार सुबह लखनऊ नगर निगम के बेहतर कचरा प्रबंधन के लिए 250 पर्यावरण-अनुकूल इलेक्ट्रिक और CNG वाहनों को हरी झंडी दिखाकर शुरू किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि जनता ने राजनीतिक कचरा को हटाकर बदलाव की नींव रखी, जिसके परिणामस्वरूप स्वच्छता में उल्लेखनीय सुधार हुआ है। उन्होंने यह भी कहा कि प्रदेश में पहले अंधेरे और अव्यवस्था का बोलबाला था, लेकिन अब विकास और रोशनी की संस्कृति कायम हुई है।

लखनऊ की सड़कों पर अब रोशनी और सुरक्षा

मुख्यमंत्री ने बताया कि पिछले नौ वर्षों में लखनऊ स्वच्छता रैंकिंग में देश के टॉप-3 शहरों में शामिल हो गया है। एलईडी स्ट्रीट लाइटों से पूरे शहर की रात की रोशनी ‘दूधिया’ और आकर्षक हो गई है। इससे नागरिकों की सुरक्षा बढ़ी है और शहर की सुंदरता में भी सुधार हुआ है। पहले अंधेरा और असुरक्षा महसूस होती थी, जबकि आज लखनऊ विकास और व्यवस्थित योजना का उदाहरण बन चुका है।

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सोलर एनर्जी से सस्टेनेबल विकास

उत्तर प्रदेश सरकार ने 18 नगर निकायों को ‘सेफ सिटी’ और सोलर सिटी के रूप में विकसित करने के प्रयास किए हैं। अयोध्या में 40 मेगावाट का सोलर प्लांट लगाया गया है, जबकि लखनऊ और अन्य शहरों में रूफटॉप सोलर पैनल स्थापित किए गए हैं। इस योजना से न केवल बिजली उत्पादन बढ़ा है, बल्कि लोगों के बिल भी कम हुए हैं। मुख्यमंत्री ने इसे हरित और स्वच्छ ऊर्जा की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया।

इलेक्ट्रिक बसों और पब्लिक ट्रांसपोर्ट का विस्तार

मुख्यमंत्री ने लखनऊ सहित सात शहरों में मेट्रो और पब्लिक ट्रांसपोर्ट के विस्तार की जानकारी दी। शहर में अब लगभग 1 लाख लोग प्रतिदिन मेट्रो का उपयोग कर रहे हैं। इलेक्ट्रिक बस सेवा का विस्तार हो रहा है, और लखनऊ में अशोक लीलैंड के बाद अब टाटा की इलेक्ट्रिक बस मैन्युफैक्चरिंग यूनिट भी जल्द शुरू होगी। इससे शहरों के बीच बेहतर कनेक्टिविटी और ग्रीन ट्रांसपोर्ट का विकास होगा।

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गोमती नदी पुनरुद्धार और हरित शहर का निर्माण

मुख्यमंत्री ने लखनऊ में गोमती नदी के पुनरुद्धार और कुकरैल क्षेत्र में ‘सौमित्र वन’ विकसित करने का जिक्र किया। पहले उपेक्षित यह क्षेत्र अब आकर्षक बन चुका है और शहर की सुंदरता बढ़ा रहा है। डोर-टू-डोर कचरा संग्रह के लिए नए इलेक्ट्रिक वाहन इस अभियान का अहम हिस्सा हैं। इससे लखनऊ को क्लीन सिटी और ग्रीन सिटी बनाने की दिशा में गति मिली है।

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