बहराइच : उत्तर प्रदेश के बहराइच जनपद में एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है. जहां पर पति ने पत्नी को मायके जाने से मना कर दिया. इसके बाद जब पति देर रात उठकर देखा तो उसके मासूम बेटे की मौत हो चुकी थी. इस दौरान पत्नी ने भी आत्महत्या की कोशिश की, पति के मुताबिक पत्नी को जो उसने मायके जाने से मना किया इसके बाद पत्नी ने बड़ा कदम उठाया है हालांकि मासूम के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा है और पुलिस भी अपनी जांच कर रही है.
बहराइच जिले के बौंडी थाना क्षेत्र के सिपहिया हुलास गांव की एक रात ने पूरे इलाके को सन्न कर दिया। घर के भीतर उठी तकरार ने ऐसी त्रासदी को जन्म दिया, जिसकी गूंज देर तक दिलों में रहेगी.
शादी छह वर्ष पूर्व शाहीन से हुई थी
गांव निवासी शान मोहम्मद की शादी छह वर्ष पूर्व शाहीन से हुई थी. उनका छोटा सा संसार उनके बेटे अदनान की खिलखिलाहट से आबाद था. शाम शाहीन के मायके वाले उसे लेने आए. शान ने दो दिन बाद भेजने की बात कही. इसी छोटी-सी बात ने माहौल को बोझिल कर दिया.
परिजन समझाकर सो गए, लेकिन रात की खामोशी में एक भयावह सन्नाटा पनप रहा था. देर रात शान की आंख खुली तो पत्नी गोद में बेटे को लिए बैठी थी. अदनान निश्चल था, सांसें थमी हुई थीं. घबराहट में जब वह बच्चे को लेकर बाहर बढ़ा, तभी शाहीन ने फंदा लगाकर खुदकुशी की कोशिश की. किसी तरह उसे बचा लिया गया, पर मासूम की जान नहीं बच सकी.
जाने देने की नाराजगी में शाहीन ने बेटे का गला दबा दिया
शान का आरोप है कि मायके न जाने देने की नाराजगी में शाहीन ने बेटे का गला दबा दिया और फिर आत्महत्या का प्रयास किया. पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है. रिपोर्ट के बाद ही सच की परतें खुलेंगी.
एक छोटी-सी जिद, एक क्षणिक आवेश और एक मासूम की दुनिया हमेशा के लिए बुझ गई. यह घटना सिर्फ एक परिवार की त्रासदी नहीं, बल्कि रिश्तों में संवाद की कमी का करुण आईना है।
INPUT-ANANYA MISHRA













































