राज्य सरकार की योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन में दीन दयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय की महत्वपूर्ण भूमिका

मुकेश कुमार, संवाददाता गोरखपुर। दीन दयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय (DDUGU) उत्तर प्रदेश सरकार की विभिन्न योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन में अग्रणी भूमिका निभा रहा है। शिक्षा, अनुसंधान, डिजिटलाइजेशन और अवसंरचना विकास के क्षेत्र में विश्वविद्यालय ने महत्वपूर्ण उपलब्धियां हासिल की हैं, जो राज्य सरकार के निरंतर सहयोग और दूरदर्शी नीतियों का परिणाम हैं।

राज्य सरकार की योजनाओं से छात्रों का सशक्तिकरण

उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा चलाई जा रही विभिन्न योजनाओं के अंतर्गत विश्वविद्यालय के छात्रों को अनेक सुविधाएं और संसाधन उपलब्ध कराए गए हैं। इससे शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार हुआ है और डिजिटल लर्निंग को बढ़ावा मिला है।

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विवेकानंद युवा सशक्तिकरण योजना के तहत मोबाइल एवं टैबलेट वितरण

छात्रों को डिजिटल शिक्षा से जोड़ने के लिए विवेकानंद युवा सशक्तिकरण योजना के तहत विश्वविद्यालय के हजारों छात्रों को निःशुल्क मोबाइल और टैबलेट वितरित किए गए हैं। यह पहल डिजिटल डिवाइड को कम करने के साथ-साथ ऑनलाइन लर्निंग, ई-लाइब्रेरी और डिजिटल संसाधनों तक छात्रों की पहुंच को सुनिश्चित कर रही है।

राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 का प्रभावी क्रियान्वयन

राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के तहत विश्वविद्यालय में स्नातक, स्नातकोत्तर और शोध स्तर पर कौशल-आधारित, बहु-विषयक और शोधोन्मुखी शिक्षा प्रणाली को अपनाया गया है।

इस योजना के अंतर्गत
मल्टी-डिसिप्लिनरी कोर्सेस की शुरुआत की गई है
इंटर्नशिप और इंडस्ट्री-लिंक्ड स्किल डेवलपमेंट प्रोग्राम्स शुरू किए गए हैं
क्रेडिट ट्रांसफर और मल्टीपल एंट्री-एग्जिट प्रणाली को लागू किया गया है

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विश्वविद्यालय के इन प्रयासों को राष्ट्रीय मूल्यांकन एवं प्रत्यायन परिषद (NAAC) से भी सराहना मिली है।

शोध और नवाचार को बढ़ावा देने की पहल

शोध के क्षेत्र में विश्वविद्यालय को केंद्र और राज्य सरकार की योजनाओं के तहत विभिन्न अनुदान प्राप्त हुए हैं, जिससे अनुसंधान और नवाचार को नई दिशा मिली है।

प्रधानमंत्री उच्च शिक्षा अभियान (PM-USHA) के तहत अनुदान

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राज्य सरकार की सिफारिशों पर केंद्र सरकार ने विश्वविद्यालय को प्रधानमंत्री उच्च शिक्षा अभियान (PM-USHA) के तहत विशेष अनुदान प्रदान किया है। इस योजना के अंतर्गत
विश्वविद्यालय की शोध प्रयोगशालाओं का उन्नयन किया जा रहा है
नई डिजिटल लर्निंग सुविधाओं की स्थापना की गई है
छात्रावास और शिक्षण भवनों का आधुनिकीकरण किया जा रहा है

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इस अनुदान से विश्वविद्यालय की शोध और नवाचार क्षमता को नई ऊंचाइयां मिली हैं।

विश्वविद्यालय की राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय रैंकिंग में सुधार

दीन दयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय को विभिन्न राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय रैंकिंग एजेंसियों में उच्च स्थान प्राप्त हुआ है।

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राष्ट्रीय संस्थागत रैंकिंग फ्रेमवर्क (NIRF) में विश्वविद्यालय की स्थिति में सुधार हुआ है
QS एशिया रैंकिंग में विश्वविद्यालय का नामांकन हुआ है
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर SCOPUS और Web of Science के तहत प्रकाशित शोध पत्रों की संख्या में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है

छात्र हितों और डिजिटल शिक्षा को बढ़ावा

राज्य सरकार द्वारा शिक्षा में पारदर्शिता और सुशासन सुनिश्चित करने के लिए समर्थ पोर्टल को लागू किया गया है। विश्वविद्यालय ने इस पोर्टल के विभिन्न मॉड्यूल्स को अपनाकर शिक्षा प्रणाली को और अधिक कुशल बनाया है।

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समर्थ पोर्टल का प्रभावी क्रियान्वयन

छात्रों के ऑनलाइन प्रवेश और परीक्षा प्रणाली को सरल किया गया है
डिजिटल प्रमाण पत्र एवं अंक पत्र की सुविधा शुरू की गई है
छात्र शिकायत निवारण प्रणाली को अधिक प्रभावी बनाया गया है

ऑनलाइन पाठ्यक्रमों की शुरुआत और डिजिटल शिक्षा को बढ़ावा

विश्वविद्यालय ने छात्रों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करने के लिए SWAYAM, NPTEL और MOOC प्लेटफार्म्स के माध्यम से ऑनलाइन पाठ्यक्रम शुरू किए हैं। इसके अलावा, फैकल्टी मेंबर्स द्वारा भी कई नए ऑनलाइन कोर्स विकसित किए जा रहे हैं।

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रोजगारपरक पाठ्यक्रम और नए अवसर

रोजगारोन्मुख शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए विश्वविद्यालय ने कई नए कोर्सेस की शुरुआत की है, जिससे छात्रों को बेहतर करियर विकल्प मिल रहे हैं।

नए जॉब-ओरिएंटेड कोर्सेस की शुरुआत

विश्वविद्यालय में रोजगारपरक शिक्षा को ध्यान में रखते हुए विभिन्न विषयों में नए कोर्स शुरू किए गए हैं, जिनमें शामिल हैं:
डेटा साइंस और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस
साइबर सिक्योरिटी
बायोटेक्नोलॉजी और फार्मास्युटिकल साइंसेज
डिजिटल मार्केटिंग और स्टार्टअप मैनेजमेंट

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राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय संगठनों के साथ साझेदारी

विश्वविद्यालय ने इंडस्ट्री लिंक्ड स्किल डेवलपमेंट प्रोग्राम्स शुरू किए हैं
अंतरराष्ट्रीय शोध संस्थानों के साथ कोलैबोरेशन को बढ़ावा दिया जा रहा है

छात्र अवसंरचना में सुधार एवं नई सुविधाओं का निर्माण

राज्य सरकार के सहयोग से विश्वविद्यालय में कई महत्वपूर्ण अवसंरचनात्मक विकास कार्य किए जा रहे हैं।

छात्रावासों के नवीनीकरण और नए निर्माण कार्य

छात्रावासों का नवीनीकरण किया जा रहा है
नवीन मूल्यांकन भवन का निर्माण किया जा रहा है
स्मार्ट क्लासरूम्स और अत्याधुनिक प्रयोगशालाओं की स्थापना की जा रही है

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APAR ID और ABC (Academic Bank of Credits) के तहत छात्रों का पंजीकरण

छात्रों को डिजिटल शिक्षा और अकादमिक क्रेडिट ट्रांसफर की सुविधा प्रदान करने के लिए सभी छात्रों को APAR ID और ABC (Academic Bank of Credits) में पंजीकृत किया गया है, जिससे वे अपनी शिक्षा को अधिक लचीला और सुविधाजनक बना सकें।

कुलपति प्रो. पूनम टंडन का आभार और भविष्य की दिशा

दीन दयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. पूनम टंडन ने माननीय राज्यपाल श्रीमती आनंदीबेन पटेल और मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार के गत वर्षों में किए गए प्रयासों और उच्च शिक्षा क्षेत्र में सुधारों के कारण विश्वविद्यालय शिक्षा, शोध और नवाचार के क्षेत्र में नए आयाम स्थापित कर रहा है।

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उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय को गर्व है कि वह इस परिवर्तनकारी यात्रा का हिस्सा बना हुआ है और उत्तर प्रदेश को शिक्षा का केंद्र बनाने की दिशा में योगदान दे रहा है। विश्वविद्यालय भविष्य में भी शोध, नवाचार और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के क्षेत्र में अग्रणी बना रहेगा।

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