UP: जनपद के थाना औंग क्षेत्र के बीकमपुर गांव में तीन सितंबर की रात उस समय सनसनी फैल गई, जब एक युवक ने अपने ससुरालीजनों पर धारदार हथियार से जानलेवा हमला कर दिया। हमले में कई लोग घायल हो गए। बीच-बचाव के दौरान हमलावर पवन विश्वकर्मा भी गंभीर रूप से घायल हो गया, जिसे अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इसी मामले से जुड़ी कड़ी में शनिवार को थाना कल्यानपुर क्षेत्र में मुरादीपुर पुलिया के नीचे एक व्यक्ति का शव मिलने से सनसनी फैल गई। मृतक की पहचान दो दिन से लापता राजू विश्वकर्मा के रूप में हुई है।
जानिए क्या है पूरा मामला?
पुलिस के अनुसार, तीन सितंबर की रात करीब 2:30 से 3:00 बजे के बीच ग्राम बीकमपुर में पवन विश्वकर्मा पुत्र रामसजीवन विश्वकर्मा, निवासी आशापुर, थाना औंग, ने अपने ससुरालीजनों राजेश, राजकरन, प्रदीप, गोरे और बुद्धा पर धारदार हथियार से हमला कर दिया। हमले में सभी घायल हुए। घटना के दौरान बीच-बचाव करते समय पवन विश्वकर्मा भी घायल हो गया। उपचार के लिए अस्पताल ले जाने पर चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। घटना के बाद पुलिस ने मामले में संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी।जांच के दौरान पुलिस के सामने एक और महत्वपूर्ण तथ्य सामने आया। पुलिस के मुताबिक, घटना से एक दिन पहले दो सितंबर को पवन विश्वकर्मा, राजू विश्वकर्मा को उसके पुत्र राजकरन के लिए लड़की दिखाने के बहाने अपने साथ ले गया था। इसके बाद पवन अकेले वापस आया। परिजनों द्वारा राजू के बारे में पूछताछ किए जाने पर उसने कथित रूप से सही जानकारी नहीं दी। राजू के लापता होने पर परिजनों की ओर से थाना औंग में मुकदमा दर्ज कराया गया था।
राजू की तलाश में पुलिस की टीमें लगातार जुटी थीं और संभावित स्थानों पर खोजबीन के साथ पतारसी-सुरागरसी की जा रही थी।इसी क्रम में पांच सितंबर की सुबह करीब 10:14 बजे थाना कल्यानपुर पुलिस टीम को थाना क्षेत्र के मुरादीपुर पुलिया के नीचे एक अज्ञात व्यक्ति का शव फंसा हुआ मिला। शव की पहचान कराने के लिए थाना औंग पुलिस से संपर्क किया गया। सूचना मिलने पर प्रभारी निरीक्षक औंग ने राजू विश्वकर्मा के परिजनों को मौके पर बुलाया।

















































