Amethi: भाले सुल्तान शहीद स्मारक थाना क्षेत्र में पुलिस की कार्यशैली से नाराज बाबा गरीब दास आश्रम के महंत दुर्गेश दास धरने पर बैठ गए। महंत ने न्याय नहीं मिलने का आरोप लगाते हुए समाधि लेने का ऐलान किया और इसके लिए आश्रम परिसर में स्वयं गड्ढा भी खोद लिया। महंत के इस कदम की सूचना मिलते ही पुलिस और राजस्व विभाग की टीम मौके पर पहुंच गई और उन्हें समझाने का प्रयास शुरू किया।
जानिए क्या है पूरा मामला?
महंत दुर्गेश दास का आरोप है कि आश्रम पर हुए हमले के मामले में पुलिस निष्पक्ष कार्रवाई करने के बजाय पेशबंदी का हवाला देकर उन्हें ही परेशान कर रही है। उनका कहना है कि मामले में कई बार शिकायत किए जाने के बावजूद पुलिस की ओर से अपेक्षित कार्रवाई नहीं की गई। महंत का आरोप है कि उन्हें ही धमकाया जा रहा है, जिससे वह काफी आहत हैं। महंत ने आश्रम की जमीन पर किए गए कथित अवैध कब्जे को हटवाने की मांग की है। इसके साथ ही आश्रम के बगल में मांसाहार बनाए जाने को लेकर भी कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने दर्ज मुकदमे की निष्पक्ष जांच कर संबंधित लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग उठाई है। महंत ने कहा कि लगातार शिकायतों के बावजूद उनकी समस्याओं का समाधान नहीं हुआ। इसी से नाराज होकर उन्होंने धरने पर बैठने और समाधि लेने का निर्णय लिया है। उन्होंने दोपहर में समाधि लेने की बात कही है।
महंत के धरने और समाधि लेने की चेतावनी के बाद प्रशासन में हड़कंप मच गया। पुलिस और राजस्व विभाग की टीम मौके पर मौजूद है और महंत को समझाकर धरना समाप्त कराने का प्रयास कर रही है। फिलहाल मौके पर स्थिति पर नजर रखी जा रही है।














