UP: वाराणसी में सावन के पहले सोमवार पर श्री काशी विश्वनाथ धाम शिवभक्तों की अटूट आस्था का केंद्र बना रहा। आधी रात से ही श्रद्धालुओं का मंदिर पहुंचना शुरू हो गया था और सुबह तक दर्शन के लिए करीब तीन किलोमीटर लंबी कतार लग गई। उत्तर प्रदेश समेत बिहार, मध्य प्रदेश, झारखंड, राजस्थान, दिल्ली और कई अन्य राज्यों से आए श्रद्धालुओं ने ‘हर-हर महादेव’ के जयघोष के बीच बाबा विश्वनाथ का जलाभिषेक कर सुख-समृद्धि की कामना की।
भक्ति में डूबा काशी विश्वनाथ धाम
सावन के पहले सोमवार पर मंदिर परिसर को आकर्षक पुष्प सज्जा से भव्य रूप दिया गया। ब्रह्म मुहूर्त में दर्शन करने की इच्छा लेकर बड़ी संख्या में श्रद्धालु पूरी रात कतार में डटे रहे। घंटों इंतजार के बावजूद श्रद्धालुओं के उत्साह में कोई कमी नहीं दिखी और पूरा धाम क्षेत्र शिवभक्ति के रंग में रंगा नजर आया।
पुष्पवर्षा से हुआ श्रद्धालुओं का स्वागत
श्रद्धालुओं के स्वागत के लिए मंदिर प्रशासन ने विशेष आयोजन किया। मंडलायुक्त एस. राजलिंगम और श्री काशी विश्वनाथ मंदिर के मुख्य कार्यपालक अधिकारी विश्वभूषण मिश्रा ने मंदिर पहुंचने वाले भक्तों पर पुष्पवर्षा कर उनका अभिनंदन किया। इस दौरान श्रद्धालुओं ने भी ‘हर-हर महादेव’ के उद्घोष के साथ प्रशासन की पहल का उत्साहपूर्वक स्वागत किया।
सुरक्षा व्यवस्था रही हाईटेक और चाक-चौबंद
सावन के मद्देनजर भीड़ नियंत्रण और सुरक्षा के लिए व्यापक इंतजाम किए गए। पुलिस कमिश्नर मोहित अग्रवाल वरिष्ठ अधिकारियों के साथ लगातार व्यवस्थाओं का जायजा लेते रहे। मंदिर परिसर और आसपास के क्षेत्रों की निगरानी सीसीटीवी तथा ड्रोन कैमरों से की गई, जबकि सादे कपड़ों में भी पुलिसकर्मियों की तैनाती कर हर गतिविधि पर नजर रखी गई।
श्रद्धालुओं से सम्मानजनक व्यवहार के निर्देश
पुलिस प्रशासन ने ड्यूटी पर तैनात सभी कर्मियों को श्रद्धालुओं के साथ विनम्र व्यवहार करने के निर्देश दिए हैं। पुलिस कमिश्नर ने कहा कि सभी पुलिसकर्मी श्रद्धालुओं को ‘सर’ और ‘मैडम’ कहकर संबोधित करें तथा उनकी हरसंभव सहायता सुनिश्चित करें। उन्होंने स्पष्ट किया कि किसी भी श्रद्धालु के साथ अभद्रता करने वाले पुलिसकर्मियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
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