शामली : शामली जिले के बाबरी क्षेत्र अंतर्गत गोगवान जलालपुर गांव में तालाब के उफान मारने से लगातार जलभराव की समस्या बनी हुई है। परेशान ग्रामीणों ने अब सामूहिक पलायन की चेतावनी देते हुए अपने घरों के गेट और दीवारों पर ‘मकान बिकाऊ है’ तथा ‘पलायन’ के पोस्टर लगा दिए हैं। ग्रामीणों का कहना है कि प्रशासन अगर जल्द समस्या का समाधान नहीं करता तो वे गांव छोड़ने को मजबूर हो जाएंगे।
महीनों से जलभराव, आवागमन हुआ बेहद मुश्किल
ग्रामीणों के अनुसार कई महीनों से मोहल्ले की सड़कों पर गंदा पानी भरा हुआ है। इस कारण रोजमर्रा का आना-जाना बेहद कठिन हो गया है। स्कूली बच्चे विद्यालय जाने के लिए गंदे पानी से होकर गुजरने को मजबूर हैं। महिलाओं को मंदिर जाने और अन्य जरूरी कामों के लिए भी इसी रास्ते का सहारा लेना पड़ रहा है। बताया जाता है कि थाना भवन जाने का यही एकमात्र मार्ग है, जिसके जलभराव से पूरा इलाका प्रभावित हो रहा है।
बीमारी और जहरीले जीवों का बढ़ता खतरा
लंबे समय से खड़े गंदे पानी और कीचड़ ने गांव में बीमारियों को न्योता दे दिया है। कई बच्चे और महिलाएं पहले ही बीमार पड़ चुके हैं। मच्छरों की भरमार के साथ-साथ सांप और बिच्छू जैसे जहरीले जीव भी घरों के आसपास नजर आने लगे हैं। ग्रामीण बताते हैं कि रात में कई परिवार जागकर पहरा देते हैं ताकि कोई जहरीला जीव घर में न घुस जाए। स्वास्थ्य को लगातार खतरा बना हुआ है।
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प्रशासन को चेतावनी, लगाए गए पोस्टर
शनिवार को गांव के कई ग्रामीणों ने अपने मकानों पर ‘पलायन, मकान बिकाऊ है’ के पोस्टर चस्पा कर दिया। इस अभियान में सुनील, मदनपाल, मूलचंद, गणपत, कपिल, चमन सिंह, अनुज, राजपाल समेत कई लोग शामिल रहे। ग्रामीण शोभना ने बताया कि बच्चों को स्कूल भेजना अब मुश्किल हो गया है। वहीं बबीता ने कहा कि मच्छरों और गंदे पानी के कारण हर समय बीमारी का डर सताता रहता है।
ग्रामीणों की शिकायत और निराशा
ग्रामीणों का कहना है कि उन्होंने ग्राम प्रधान से लेकर जिलाधिकारी तक बार-बार शिकायत की, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। उन्होंने प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि अगर समस्या का समाधान नहीं हुआ तो पूरे मोहल्ले के लोग सामूहिक पलायन करने पर मजबूर हो जाएंगे।
ग्राम प्रधान का बयान
ग्राम प्रधान सुषमा राणा ने बताया कि कुछ दिन पहले पानी निकासी के लिए मशीन लगाई गई थी, लेकिन ग्रामीणों के विरोध के कारण उसे वापस लेना पड़ा। उन्होंने आश्वासन दिया कि समस्या के समाधान के लिए जल्द ही दोबारा प्रयास किए जाएंगे।
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प्रशासनिक प्रतिक्रिया
कार्यवाहक मुख्य विकास अधिकारी प्रेमचंद ने कहा कि उन्हें इस मामले की जानकारी नहीं थी। अब शिकायत मिलने के बाद उन्होंने संबंधित अधिकारियों को जल्द से जल्द समस्या का समाधान करने के निर्देश दे दिए हैं।
गांववासियों की मांग
ग्रामीणों ने प्रशासन से तालाब की निकासी व्यवस्था दुरुस्त करने, जल निकासी नालियों को साफ कराने और स्थायी समाधान निकालने की मांग की है। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि समय रहते ध्यान नहीं दिया गया तो गांव खाली होने की नौबत आ सकती है।
यह घटना ग्रामीण क्षेत्रों में बुनियादी सुविधाओं और जल प्रबंधन की कमी को एक बार फिर उजागर करती है। गोगवान जलालपुर के ग्रामीण अब प्रशासन की कार्रवाई का इंतजार कर रहे हैं।









































