नई दिल्ली/आइजोल। मिजोरम के राज्यपाल और रिटायर्ड जनरल विजय कुमार सिंह ने NEET पेपर लीक विवाद पर तीखा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि NEET जैसी परीक्षाओं में पेपर लीक हो सकता है, लेकिन भारतीय सेना और एयरफोर्स में ऐसा नहीं होता क्योंकि वहां निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए बेहद मजबूत सिस्टम बनाए गए हैं।
जनरल विजय कुमार सिंह का पूरा बयान
मिजोरम राज्यपाल रिटायर्ड जनरल विजय कुमार सिंह ने कहा, “NEET का पेपर लीक हो सकता है, लेकिन सेना में पेपर लीक नहीं होते। एयरफोर्स में भी पेपर लीक नहीं होते। हमने ऐसे सिस्टम बनाए हैं जो पूरी तरह निष्पक्ष हैं। इससे ज्यादा निष्पक्ष व्यवस्था हो ही नहीं सकती।”
सेना vs सिविल परीक्षाओं की तुलना
जनरल सिंह ने सिविल परीक्षाओं खासकर NEET में हो रहे पेपर लीक मामलों की तुलना सशस्त्र बलों की भर्ती प्रक्रिया से करते हुए कहा कि सेना और एयरफोर्स में भर्ती के लिए जो सिस्टम विकसित किया गया है, वह दुनिया में सबसे पारदर्शी और निष्पक्ष माना जाता है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि वर्षों की मेहनत और अनुभव के बाद बनाए गए इन सिस्टम्स में कोई compromise नहीं होता।
राज्यपाल का संदेश
रिटायर्ड जनरल विजय कुमार सिंह वर्तमान में मिजोरम के राज्यपाल हैं। उनका यह बयान ऐसे समय में आया है जब पूरे देश में NEET-UG 2025 पेपर लीक विवाद गरमा रहा है। छात्रों में आक्रोश है और विपक्ष सरकार पर सवाल उठा रहा है। इस बीच जनरल सिंह का बयान युवाओं को सशस्त्र बलों की भर्ती की ओर प्रेरित करने वाला भी माना जा रहा है।
सेना में पेपर लीक क्यों नहीं होता?
सैन्य भर्ती में अपनाए जाने वाले सख्त सुरक्षा उपायों में शामिल हैं:
– मल्टी-लेयर सुरक्षा व्यवस्था
– डिजिटल और फिजिकल सर्विलांस
– रैंडमाइज्ड प्रश्न पत्र
– उच्च स्तर पर निगरानी
– कठोर जांच और बैकग्राउंड वेरिफिकेशन
जनरल सिंह के अनुसार इन व्यवस्थाओं के कारण सेना और एयरफोर्स में पेपर लीक जैसी घटनाएं लगभग नामुमकिन हैं।
विवाद का संदर्भ
हाल ही में NEET परीक्षा में बड़े स्तर पर पेपर लीक के आरोप लगे हैं, जिसके बाद कई राज्यों में छापेमारी और गिरफ्तारियां हुई हैं। छात्र संगठन और अभिभावक पूरे सिस्टम पर सवाल उठा रहे हैं। ऐसे में रिटायर्ड जनरल का बयान राष्ट्रीय चर्चा का विषय बन गया है। जनरल विजय कुमार सिंह का यह बयान सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।










































