फरियादियों की समस्याएं सुनकर डीएम ने दिए त्वरित निस्तारण के निर्देश

गोरखपुर। जिलाधिकारी दीपक मीणा ने कलेक्ट्रेट स्थित अपने कार्यालय में आम जनता की समस्याएं सुनने के लिए फरियादियों को सीधे मुलाकात का अवसर दिया। विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे लोगों ने भूमि विवाद, राजस्व, पेंशन, आवास, बिजली, जल निकासी, सड़क निर्माण समेत अन्य जनहित संबंधी मुद्दे डीएम के समक्ष रखे।

फरियादियों की एक-एक शिकायत पर ध्यान

जिलाधिकारी दीपक मीणा ने हर फरियादी की बात गंभीरता और धैर्यपूर्वक सुनी। उन्होंने संबंधित विभागों के अधिकारियों को मौके पर ही फोन कर शिकायतों के त्वरित निस्तारण के निर्देश दिए। डीएम ने साफ कहा कि किसी भी शिकायत के निस्तारण में लापरवाही या देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

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पारदर्शिता और समयबद्ध समाधान पर जोर

डीएम ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि जिन मामलों में जांच की जरूरत है, उनमें पूरी पारदर्शिता बनाए रखते हुए रिपोर्ट तैयार की जाए। पात्र व्यक्तियों को शासन की विभिन्न योजनाओं का लाभ प्राथमिकता के आधार पर उपलब्ध कराया जाए। उन्होंने कहा कि शासन की मंशा के अनुरूप आम जनता को त्वरित न्याय और राहत मिलनी चाहिए।

लंबित प्रकरणों की नियमित समीक्षा के निर्देश

जिलाधिकारी दीपक मीणा ने अधिकारियों को यह भी सख्त हिदायत दी कि सभी लंबित प्रकरणों की नियमित समीक्षा की जाए और शिकायतों का निस्तारण निर्धारित समय-सीमा के अंदर किया जाए। फरियादियों को बार-बार कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें, इसके लिए संबंधित अधिकारी खुद पहल करें और समस्याओं का समाधान करें।

लापरवाही पर चेतावनी

डीएम ने स्पष्ट चेतावनी देते हुए कहा कि जनता की समस्याओं का समाधान प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। यदि किसी भी स्तर पर लापरवाही पाई गई तो संबंधित अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

यह जन-समस्या निस्तारण बैठक आम नागरिकों को प्रशासनिक सुविधा उपलब्ध कराने और शिकायतों के त्वरित समाधान की दिशा में प्रशासन की सक्रिय भूमिका को दर्शाती है।

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