लखनऊ: उत्तर प्रदेश पुलिस में बड़े फेरबदल, 5 वरिष्ठ आईपीएस अधिकारियों के महत्वपूर्ण तबादले

लखनऊ: उत्तर प्रदेश सरकार ने पुलिस विभाग में महत्वपूर्ण तबादलों की एक और कड़ी पूरी की है। हाल ही में जारी आदेश के तहत 5 वरिष्ठ आईपीएस अधिकारियों को नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं। ये तबादले विभिन्न महत्वपूर्ण विभागों जैसे स्थापना, स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ), पुलिस ट्रेनिंग स्कूल, स्पेशल इंटेलिजेंस फोर्स और भ्रष्टाचार निवारण संगठन में किए गए हैं। ये बदलाव प्रदेश की कानून-व्यवस्था, खुफिया तंत्र, प्रशिक्षण व्यवस्था और भ्रष्टाचार विरोधी कार्रवाई को और मजबूत बनाने की दिशा में उठाए गए कदम माने जा रहे हैं।

तबादलों की पूरी सूची और नई जिम्मेदारियां

उत्तर प्रदेश पुलिस मुख्यालय से जारी आदेश में निम्नलिखित तबादले किए गए हैं: 

  • आईपीएस अखिलेश कुमार चौरसिया (2009 बैच) को डीआईजी स्थापना, डीजीपी मुख्यालय, उत्तर प्रदेशबनाया गया है। इससे पहले वे भ्रष्टाचार निवारण संगठन, लखनऊ में तैनात थे। स्थापना विभाग पुलिस की नीति निर्माण, कार्मिक प्रबंधन और प्रशासनिक कार्यों से जुड़ा महत्वपूर्ण विभाग है।
  • आईपीएस घुले सुशील चन्द्रभान को डीआईजी एसटीएफ (स्पेशल टास्क फोर्स), उत्तर प्रदेशकी जिम्मेदारी सौंपी गई है। एसटीएफ संगठित अपराध, गैंगस्टर नेटवर्क और बड़े पैमाने के अपराधों की जांच के लिए प्रदेश की प्रमुख विशेष इकाई है।
  •  आईपीएस यमुना प्रसाद का तबादला कर उन्हें डीआईजी पुलिस ट्रेनिंग स्कूल (पीटीएस), मुरादाबाद बनाया गया है। वे इससे पहले गौतमबुद्धनगर पुलिस कमिश्नरेट में तैनात थे। पीटीएस में पुलिस अधिकारियों और कर्मियों को प्रशिक्षण दिया जाता है, जो बल की क्षमता विकास के लिए अहम भूमिका निभाता है।
  •  आईपीएस हेमराज मीना को डीआईजी यूपी एसआईएफएस (स्पेशल इंटेलिजेंस फोर्स), लखनऊ की जिम्मेदारी दी गई है। एसआईएफएस खुफिया जानकारी संग्रह, आतंकवाद निरोधक कार्रवाई और संवेदनशील मामलों की जांच में महत्वपूर्ण योगदान देता है।
  • आईपीएस सचिन्द्र पटेल अब डीआईजी भ्रष्टाचार निवारण संगठन (एंटी करप्शन ऑर्गनाइजेशन), लखनऊ के पद पर तैनात किए गए हैं। वे इससे पहले 44वीं वाहिनी पीएसी मेरठ में थे। यह संगठन सरकारी भ्रष्टाचार की जांच और रोकथाम के लिए कार्य करता है।

तबादलों का उद्देश्य और प्रभाव

ये तबादले योगी सरकार की पुलिस सुधार नीतियों का हिस्सा हैं, जिसमें विभागीय दक्षता बढ़ाना, विशेष इकाइयों को मजबूत करना और प्रशिक्षण व्यवस्था को बेहतर बनाना शामिल है। एसटीएफ और एसआईएफएस जैसे विभागों में अनुभवी अधिकारियों की तैनाती से अपराध नियंत्रण और खुफिया तंत्र में नई ऊर्जा आएगी। वहीं, पीटीएस मुरादाबाद में यमुना प्रसाद की नियुक्ति से पुलिस प्रशिक्षण की गुणवत्ता में सुधार की उम्मीद है।

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