महाराज जी, आप चंदा चोरों का क्यो साथ दे रहे हो?…अरविंद केजरीवाल का सीएम योगी से सवाल, CM बोले-दिल्ली से एक ‘सज्जन’…

UP: अयोध्या दौरे पर पहुंचे दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने शुक्रवार को रामलला के दर्शन-पूजन किए। उनके इस दौरे के दौरान उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बिना नाम लिए उन पर तीखा राजनीतिक हमला बोला। सीएम योगी ने कहा कि दिल्ली से भी एक ‘सज्जन’ यहां आए हैं। दिल्ली को उन्होंने बर्बादी और भ्रष्टाचार के सिवाय कुछ नहीं दिया। यदि आम आदमी पार्टी की सरकार ने दिल्ली के विकास के लिए उतनी ही गंभीरता दिखाई होती, जितनी भाजपा की डबल इंजन सरकार ने अयोध्या के लिए दिखाई है, तो आज राष्ट्रीय राजधानी की तस्वीर भी अलग होती।

‘अयोध्या से सीखिए विकास का मॉडल’

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि दिल्ली की जनता ने लंबे समय तक एक नेतृत्व पर भरोसा जताया, लेकिन राजधानी को भ्रष्टाचार और अव्यवस्था के अलावा कुछ नहीं मिला। उन्होंने कहा कि बीते नौ वर्षों में अयोध्या में जिस तरह आधारभूत ढांचे का विस्तार हुआ, बेहतर सड़क संपर्क, फोरलेन कनेक्टिविटी और अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे जैसी सुविधाएं विकसित हुईं, वह विकास का उदाहरण है। योगी ने कहा कि अयोध्या के परिवर्तन को देखकर उन लोगों को आत्ममंथन करना चाहिए जिन्होंने अपने राज्यों में विकास के दावे किए।

Also Read: दानपात्र से कैश काउंटिंग सेंटर तक… राम मंदिर चढ़ावा घोटाले में क्या था 8 आरोपियों का पूरा रोल?

केजरीवाल का पलटवार, लगाए गंभीर आरोप

सीएम योगी की टिप्पणी के बाद अरविंद केजरीवाल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर प्रतिक्रिया देते हुए पलटवार किया। उन्होंने लिखा कि, महाराज जी, आप चंदा चोरों का क्यो साथ दे रहे हो? ये चंदा चोर आपको भी हटाने का षड्यंत्र कर रहे हैं। आपकी कुर्सी भी नहीं छोड़ेंगे। भगवान राम के घर हुई महा डकैती के राक्षसों को सरे आम फाँसी दिलवाने के मेरे संघर्ष में आप मेरा साथ दीजिए। इस महापाप में भागीदार मत बनिए।

एफआईआर को बताया ‘दिखावा’, जांच पर उठाए सवाल

राम मंदिर से जुड़े कथित वित्तीय अनियमितता के मामले में दर्ज एफआईआर पर भी केजरीवाल ने सवाल खड़े किए। उनका कहना था कि अब तक केवल निचले स्तर के कर्मचारियों पर कार्रवाई की गई है, जबकि इतना बड़ा मामला केवल कनिष्ठ कर्मचारियों के स्तर पर संभव नहीं हो सकता। उन्होंने आरोप लगाया कि इस पूरे प्रकरण के पीछे उच्च स्तर के लोगों की भूमिका हो सकती है, लेकिन उन्हें बचाने का प्रयास किया जा रहा है और जिम्मेदारी छोटे कर्मचारियों पर डाली जा रही है।

Also Read: राम मंदिर चढ़ावा चोरी घोटाला: राम मंदिर चढ़ावा चोरी में SIT को बड़ा झटका! सिर्फ 45 दिन का CCTV बैकअप, पुराना फुटेज गायब

बयानों से गरमाई सियासत

अयोध्या दौरे के दौरान शुरू हुई यह बयानबाजी अब राजनीतिक बहस का नया मुद्दा बन गई है। एक ओर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ अयोध्या के विकास को भाजपा सरकार की उपलब्धि बताते हुए विपक्ष पर निशाना साध रहे हैं, वहीं अरविंद केजरीवाल राम मंदिर से जुड़े कथित घोटाले की निष्पक्ष जांच और बड़े जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। आने वाले दिनों में इस मुद्दे पर राजनीतिक बयानबाजी और तेज होने की संभावना है।

(देश और दुनिया की खबरों के लिए हमें फेसबुक पर ज्वॉइन करें, आप हमें ट्विटर पर भी फॉलो कर सकते हैं.)