बहराइच : जिले के कतर्नियाघाट वन्य जीव प्रभाग के ककरहा रेंज अंतर्गत ग्राम अहिरनपुरवा में 88 वर्षीय बुजुर्ग की मौत के बाद वन विभाग को बड़ी सफलता मिली है। लगातार तीन दिनों तक चलाए गए सघन सर्च और कॉम्बिंग अभियान के बाद सोमवार देर रात करीब 11 बजे ट्रैपिंग पिंजरे में एक मादा तेंदुआ सुरक्षित रूप से पकड़ लिया गया।
वन विभाग के अनुसार 18 जुलाई 2026 को मानव-वन्यजीव संघर्ष की घटना में बुजुर्ग की मौत के बाद क्षेत्र में दहशत का माहौल था। इसके बाद डीएफओ के निर्देशन में अलग-अलग टीमें गठित कर लगातार गश्त, निगरानी और ट्रैपिंग अभियान चलाया गया। उच्चाधिकारियों की अनुमति के बाद संवेदनशील स्थान पर ट्रैपिंग पिंजरा लगाया गया, जिसमें 20 जुलाई की रात तेंदुआ कैद हो गया।
पकड़ी गई मादा तेंदुआ की अनुमानित आयु करीब 5 वर्ष बताई गई है। पशु चिकित्सकों द्वारा किए गए स्वास्थ्य परीक्षण में तेंदुआ पूरी तरह स्वस्थ एवं सक्रिय पाया गया। वन विभाग ने बताया कि आवश्यक औपचारिकताएं पूरी होने के बाद उसे उसके प्राकृतिक आवास (वाइल्ड हैबिटेट) में छोड़ा जाएगा।
वन विभाग ने जंगल से सटे गांवों के लोगों से अपील की है कि वे सतर्क रहें, रात के समय अकेले बाहर निकलने से बचें तथा किसी भी वन्यजीव की गतिविधि दिखने पर तत्काल वन विभाग को सूचना दें। तेंदुए के पकड़े जाने के बाद क्षेत्र के ग्रामीणों ने राहत की सांस ली है।
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