UP: गोण्डा में सड़क हादसों पर अंकुश लगाने और यातायात व्यवस्था को और सुरक्षित बनाने के उद्देश्य से मंडलायुक्त दुर्गा शक्ति नागपाल की अध्यक्षता में महाराजा सुहेलदेव सभागार में मण्डलीय सड़क सुरक्षा समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में सड़क सुरक्षा से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर विस्तार से चर्चा करते हुए अधिकारियों को कई महत्वपूर्ण निर्देश दिए गए।
ब्लैक स्पॉट की पहचान कर होंगे सुधार कार्य
मंडलायुक्त ने सभी जनपदों में दुर्घटना संभावित स्थलों (ब्लैक स्पॉट) की पहचान कर वहां आवश्यक सुधारात्मक कार्य कराने के निर्देश दिए। साथ ही नए ब्लैक स्पॉट चिन्हित करने और प्रमुख मार्गों पर सड़क सुरक्षा संकेतक, स्पीड ब्रेकर, रंबलिंग स्ट्रिप तथा रिफ्लेक्टर लगाने पर जोर दिया।
गोल्डन आवर में उपचार पर विशेष जोर
उन्होंने कहा कि सड़क दुर्घटना में घायल व्यक्तियों को गोल्डन आवर के भीतर तत्काल चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जाए। साथ ही घायलों की मदद करने वाले राहगीरों को प्रोत्साहित करने के लिए नकद पुरस्कार और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित करने की व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा।
स्कूल वाहनों की सुरक्षा व्यवस्था होगी मजबूत
बैठक में विद्यालयों में संचालित वाहनों की सुरक्षा को लेकर भी विशेष चर्चा हुई। मंडलायुक्त ने सभी स्कूल वाहन चालकों के ड्राइविंग लाइसेंस, चरित्र और पते का सत्यापन कराने के निर्देश दिए। इसके अलावा वाहनों के फिटनेस प्रमाणपत्र, बीमा, परमिट और अन्य दस्तावेजों की नियमित जांच कराने पर भी बल दिया गया।
चालकों के स्वास्थ्य परीक्षण और सुरक्षा समिति गठन के निर्देश
उन्होंने कहा कि स्कूल वाहन चालकों का समय-समय पर स्वास्थ्य परीक्षण कराया जाए और प्रत्येक विद्यालय में परिवहन सुरक्षा समिति का गठन सुनिश्चित किया जाए, ताकि विद्यार्थियों की सुरक्षा से जुड़े मानकों का प्रभावी ढंग से पालन हो सके।
स्कूल समय में बदलाव और जाम से निपटने की तैयारी
स्कूल खुलने और छुट्टी के समय लगने वाले जाम को देखते हुए मंडलायुक्त ने विद्यालयों के समय में आवश्यक बदलाव करने की संभावना पर विचार करने को कहा। इसके साथ ही स्कूलों के बाहर स्पीड ब्रेकर निर्माण और अभिभावकों को सड़क सुरक्षा नियमों के प्रति जागरूक करने पर भी जोर दिया। बैठक में लोक निर्माण विभाग, परिवहन विभाग समेत विभिन्न संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।













































