फर्रुखाबाद। जनपद में ग्रामीण क्षेत्रों तक शुद्ध एवं नियमित पेयजल पहुंचाने के उद्देश्य से संचालित जल जीवन मिशन की योजनाओं की प्रगति की समीक्षा शुक्रवार को जिलाधिकारी डॉ. अंकुर लाठर की अध्यक्षता में आयोजित जिला पेयजल एवं स्वच्छता समिति की बैठक में की गई। बैठक में विभिन्न निर्माणाधीन पेयजल परियोजनाओं की स्थिति पर विस्तार से चर्चा हुई और कार्यदायी संस्थाओं को निर्धारित समय-सीमा के भीतर सभी कार्य पूर्ण करने के सख्त निर्देश दिए गए।
बैठक के दौरान अधिकारियों ने बताया कि जिले में जल जीवन मिशन के तहत दो प्रमुख कार्यदायी संस्थाएं मैसर्स जी.वी.पी. आर. और मैसर्स वी.टी.एल. गजा विभिन्न पेयजल योजनाओं के निर्माण एवं संचालन का कार्य कर रही हैं। समीक्षा में सामने आया कि मैसर्स जी.वी.पी. आर. द्वारा अब तक 71 उच्च जलाशयों का निर्माण पूर्ण किया जा चुका है। संस्था की ओर से 183 पेयजल योजनाओं में नियमित जलापूर्ति सुनिश्चित की जा रही है, जबकि 61 योजनाओं का “हर घर जल” प्रमाणीकरण भी पूरा हो चुका है।
वहीं दूसरी कार्यदायी संस्था मैसर्स वी.टी.एल. गजा ने जिले में 151 उच्च जलाशयों का निर्माण कराया है। इसके अलावा 122 पेयजल योजनाओं में नियमित पेयजल आपूर्ति शुरू कर दी गई है तथा 166 योजनाओं का “हर घर जल” प्रमाणीकरण सफलतापूर्वक पूरा किया जा चुका है।
जिलाधिकारी डॉ. अंकुर लाठर ने समीक्षा के दौरान कार्यों की गति पर विशेष ध्यान देते हुए कहा कि जिन योजनाओं का कार्य अभी अधूरा है, उन्हें शीघ्रता से पूर्ण किया जाए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि लंबित परियोजनाओं की प्रगति बार-चार्ट के माध्यम से प्रस्तुत की जाए, जिससे योजनाओं की नियमित निगरानी और मूल्यांकन किया जा सके।
बैठक में कई परियोजनाओं पर अपेक्षाकृत कम श्रमिकों की तैनाती पाए जाने पर जिलाधिकारी ने नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने कार्यदायी संस्थाओं को अतिरिक्त श्रमिक लगाकर निर्माण कार्य में तेजी लाने और तय समय सीमा के भीतर सभी योजनाओं को पूरा करने के निर्देश दिए।
डीएम ने विशेष रूप से उन 58 पेयजल योजनाओं पर फोकस करने को कहा जिनकी प्रगति 75 से 100 प्रतिशत के बीच है। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि इन सभी परियोजनाओं को सितंबर 2026 तक हर हाल में पूर्ण किया जाए। साथ ही पूर्ण हो चुकी 71 पेयजल योजनाओं को शीघ्र अनुरक्षण एवं संचालन (ओ एंड एम) व्यवस्था में शामिल करने के आदेश दिए, ताकि ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों को बिना किसी बाधा के स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराया जा सके।
जिलाधिकारी ने कहा कि जल जीवन मिशन प्रधानमंत्री की महत्वाकांक्षी योजनाओं में से एक है और इसका उद्देश्य प्रत्येक ग्रामीण परिवार तक सुरक्षित एवं गुणवत्तापूर्ण पेयजल पहुंचाना है। इसलिए सभी कार्यदायी संस्थाएं गुणवत्ता मानकों का पालन करते हुए समयबद्ध ढंग से कार्य पूर्ण करें, जिससे जिले के ग्रामीणों को योजना का पूरा लाभ मिल सके।
बैठक में संबंधित विभागों के अधिकारी, कार्यदायी संस्थाओं के प्रतिनिधि तथा जल जीवन मिशन से जुड़े अधिकारी उपस्थित रहे।














































