Saharanpur: नागल क्षेत्र के एक गांव में शिव मंदिर निर्माण को लेकर मुस्लिम युवक शाहनवाज मलिक ने प्रेस वार्ता की आयोजित शाहनवाज मलिक का कहना है कि गांव में रहने वाले हिंदू परिवारों को पूजा-अर्चना के लिए करीब चार किलोमीटर दूर जाना पड़ता है। इसी समस्या को देखते हुए उन्होंने अपने स्तर से शिव मंदिर निर्माण के लिए मंदिर ट्रस्ट बनाया और अपनी जमीन दान करने का दावा किया है।
जानिए मामले से जुड़ी पूरी जानकारी
शाहनवाज के मुताबिक मंदिर निर्माण की प्रक्रिया शुरू होने के बाद विवाद खड़ा हुआ और उन्हें एक मामले में पुलिस द्वारा जेल भेजा गया। उन्होंने दावा किया कि वह करीब 27 दिन जेल में रहे। उनका आरोप है कि उनके खिलाफ फर्जी दस्तावेजों के आधार पर कार्रवाई की गई और उन्होंने संबंधित अधिकारियों को इसके सबूत भी सौंपे, लेकिन अब तक उनकी शिकायत पर अपेक्षित कार्रवाई नहीं हुई।
प्रेस वार्ता में शाहनवाज ने प्रशासन को रविवार तक कार्रवाई का समय देते हुए कहा कि यदि उनके आरोपों और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर उचित कार्रवाई नहीं हुई तो सोमवार से नागल थाने पर बड़ा आंदोलन किया जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि उन्हें विपक्षी पक्ष से जान का खतरा है।शाहनवाज ने बताया कि गांव में मुस्लिम आबादी अधिक है, जबकि हिंदू परिवारों की संख्या भी काफी है। उनका कहना है कि मंदिर निर्माण किसी विवाद का विषय नहीं, बल्कि आस्था और गांव के हिंदू परिवारों की सुविधा से जुड़ा मामला है।उन्होंने प्रशासन से मंदिर निर्माण में आ रही कथित बाधाओं को दूर कराने और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की। साथ ही कहा कि उनका उद्देश्य गांव में ऐसा शिव मंदिर बनवाना है, जहां हिंदू परिवार आसानी से पूजा-अर्चना कर सकें।


















































