उत्तर प्रदेश के इटावा (Etawah) जिले के चकर नगर थाना क्षेत्र के कुंदेला गांव में एक पुलिसकर्मी द्वारा 10वीं के छात्र पर पिस्टल तानने और गाली-गलौच करते हुए मारपीट करने का मामला सामने आया है। घटना का वीडियो वायरल हो गया है जिसमें सिपाही (Constable), जो डायल 112 पर तैनात है, छात्र पर पिस्टल ताने हुए दिख रहा है। बताया जा रहा है कि छात्र ने गलती से उसे एनसीसी कैडेट समझ लिया था, जिससे सिपाही नाराज हो गया।
वीडियो में दिखी मारपीट और धमकी
सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में सिपाही हाथ में पिस्टल लेकर छात्र पर तानते हुए और मारपीट करते नजर आ रहा है। इस दौरान छात्र हाथ जोड़कर माफी मांगता रहा, लेकिन सिपाही ने उसकी एक न सुनी। मौके पर मौजूद दूसरे पुलिसकर्मी ने भी सिपाही का साथ दिया। भीड़ जमा होने पर दोनों सिपाही छात्रों को थाने ले गए। घटना कुंदेला गांव के निरंजन इंटर कॉलेज के पास हुई, जहां छात्र हिमांशु त्रिपाठी अपने दोस्तों के साथ खड़ा था।
गांव के लोगों ने थाने में किया विरोध
घटना के बाद, ग्रामीणों ने थाने पहुंचकर इसका विरोध किया। थानेदार राजेन्द्र विक्रम सिंह मौके पर पहुंचे और भीड़ को शांत करवाया। बाद में उन्होंने बच्चों को थाने लाकर पूछताछ की। मामले की जांच के बाद, इंस्पेक्टर ने सिपाही की गलती मानी और पीड़ित छात्र से लिखित में प्रार्थना पत्र लिया।
इटावा में सिपाही ने 10वीं के छात्र पर पिस्टल तान दी। उसका गुनाह सिर्फ इतना था कि उसने सिपाही को एनसीसी कैडेट बता दिया। इससे नाराज डायल 112 पर तैनात सिपाही ने छात्र को गालियां देते कनपटी पर पिस्टल लगा दी। मौके पर एक और पुलिसकर्मी तैनात था।घटना का वीडियो सामने आया है@etawahpolice pic.twitter.com/hOUbg0ZsvR
— आकाश बाबू آکاش بابو {औरैया उत्तरप्रदेश लखनऊ} 🇨🇮 (@AURAIYA1234) November 5, 2024
जानिए कैसे शुरू हुआ विवाद
ग्रामीणों के मुताबिक, सिपाही वरुण कुमार सोमवार को निरंजन इंटर कॉलेज के पास पीआरबी वैन से पहुंचे थे। सिपाही ने शर्ट ओपन रखी थी और बेल्ट नहीं पहनी थी, जिसके कारण छात्रों ने उसे एनसीसी कैडेट समझ लिया। छात्रों ने आपस में कहा कि सिपाही की पर्सनैलिटी भी एक छात्र जैसी लग रही है, जो सिपाही ने सुन लिया। इससे नाराज होकर वरुण कुमार ने छात्र हिमांशु को गालियां देनी शुरू कर दीं और माफी मांगने के बावजूद पिस्टल तान दी।
दूसरे सिपाही ने भी की मदद
छात्र हिमांशु त्रिपाठी का कहना है कि उसने माफी मांगी और कहा कि यह गलतफहमी थी, लेकिन सिपाही वरुण ने उसकी एक न सुनी। पिस्टल तानने के बाद उसने मारपीट भी की। वहां मौजूद दूसरे सिपाही लोकेंद्र सिंह ने भी उसे रोकने की बजाय वरुण की मदद की। घटना को देख आसपास के लोग इकट्ठा हो गए।
क्षेत्राधिकारी प्रेमकुमार थापा ने बताया कि आरोपी सिपाही वरुण कुमार के खिलाफ रिपोर्ट उच्च अधिकारियों को भेज दी गई है, और उनके निर्देशानुसार कार्रवाई की जा रही है।
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