‘बाबर-अकबर का बने म्यूजियम, लोग प्रतिमा पर थूकें….’, ये क्या बोल गए संगीत सोम!

UP: मेरठ के सरधना से ठाकुर संगीत सोम ने एक सम्मान समारोह के दौरान मीडिया से बातचीत में इतिहास, मुगल शासकों और धर्मांतरण जैसे मुद्दों पर तीखे बयान दिए। उनके कई बयान राजनीतिक और सामाजिक बहस का विषय बन गए हैं।

मुगल शासकों के लिए म्यूजियम बनाने की मांग

संगीत सोम ने कहा कि देश में बाबर, अकबर और हुमायूं जैसे मुगल शासकों और विदेशी आक्रांताओं से जुड़े म्यूजियम बनाए जाने चाहिए। उनका कहना था कि नई पीढ़ी को इतिहास के उन पहलुओं से अवगत कराया जाना चाहिए, जिनमें मंदिरों के ध्वंस और सनातन समाज पर हुए अत्याचारों का उल्लेख है। उन्होंने कहा कि ऐसे म्यूजियम लोगों को यह समझने का अवसर देंगे कि अतीत में किन परिस्थितियों का सामना करना पड़ा था।

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प्रतिमाओं को लेकर दिया विवादित बयान

पूर्व विधायक ने इस दौरान प्रतिमाओं को लेकर भी विवादित टिप्पणी की। उन्होंने विवादित अंदाज में कहा कि इस म्यूजियम में लोग उनकी प्रतिमा पर रोज थूकने जाएं और रोज जूते मारें। उनके इस बयान के बाद राजनीतिक हलकों में प्रतिक्रिया बढ़ गई है।

अखिलेश यादव की बेटी पर टिप्पणी की निंदा

समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव की बेटी के खिलाफ की गई कथित अभद्र टिप्पणियों का विरोध करते हुए संगीत सोम ने कहा कि किसी भी बेटी के बारे में इस प्रकार की भाषा स्वीकार नहीं की जा सकती। उन्होंने कहा, “बेटी किसी की भी हो, वह सम्मान की अधिकारी है।” साथ ही उन्होंने दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की।

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मुसलमानों और पाकिस्तान के मुद्दे पर कही यह बात

देश के मुसलमानों को लेकर संगीत सोम ने कहा कि भारत के प्रति निष्ठा रखने वाले मुसलमानों से समाज का संबंध प्रेम और सौहार्द का है। उन्होंने यह भी कहा कि जो लोग पाकिस्तान के प्रति झुकाव रखते हैं, उनसे वैचारिक मतभेद स्वाभाविक हैं।

धर्मांतरण के मामलों पर सख्त रुख

क्षेत्र में सामने आए कथित धर्मांतरण के एक मामले का उल्लेख करते हुए भाजपा नेता ने गैर-कानूनी धर्म परिवर्तन को गंभीर अपराध बताया। उन्होंने कहा कि ऐसे मामलों में कठोरतम कार्रवाई की जानी चाहिए। गीत सोम के इन बयानों को लेकर राजनीतिक प्रतिक्रिया तेज होने की संभावना है, क्योंकि इतिहास, धर्म और सामाजिक सौहार्द से जुड़े मुद्दे अक्सर व्यापक बहस का कारण बनते रहे हैं।

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