लखनऊ। समाजवादी पार्टी अध्यक्ष अखिलेश यादव ने बड़े मंगल के भंडारे कार्यक्रम के बाद कहा कि लखनऊ सदियों पुरानी परंपराओं को जीवित रखे हुए है। अखिलेश ने नवाबों द्वारा शुरू की गई भंडारे की परंपरा की सराहना की और कहा कि पेट पूजा से बड़ी कोई पूजा नहीं है। साथ ही उन्होंने अयोध्या की हालिया घटना पर निशाना साधते हुए सनातनियों को ठेस पहुंचने का आरोप लगाया और योगी सरकार पर भ्रष्टाचार, बेरोजगारी व महंगाई के मुद्दों पर तीखा हमला बोला।
अखिलेश यादव ने कहा,
“लखनऊ ने भंडारे की परंपरा का उद्देश्य बचाए रखा है। यह ऐसा शहर है जो सदियों पुरानी परंपरा को जीवित किए हुए है। बड़े मंगल के भंडारे से समाज में मिलन और मेल-मिलाप होता है। हम एक-दूसरे से जुड़ते हैं और ऐसे कार्यक्रम हमें मिलने का मौका देते हैं।”
उन्होंने आगे कहा कि यह परंपरा पूरे देश में कहीं नहीं है। नवाबों ने इसे शुरू किया था और आजादी के बाद भी यह परंपरा जारी है, यही हमारे देश की खूबसूरती है। अखिलेश ने जोर देकर कहा, “पेट पूजा से बड़ी कोई पूजा नहीं है।”
अयोध्या घटना पर तीखा हमला
अखिलेश यादव ने अयोध्या में हुई हालिया घटना का जिक्र करते हुए कहा, “अयोध्या में जो हुआ उससे सनातनियों को बहुत ठेस पहुंची है। सेवादार ऐसा कदम क्यों उठाएगा? अगर उनकी तनख्वाह सही दी जा रही होती तो ऐसा नहीं करते। सुना है कंडे में पैसा मिल रहा है।”
उन्होंने सवाल उठाया कि SIT बनाने वाले अधिकारियों की जांच कौन करेगा? और कहा कि जो अधिकारी साधु-संतों की जांच करने गए हैं, उनकी खुद की जांच कौन कराएगा?
सरकार पर आरोप
अखिलेश यादव ने योगी सरकार पर निशाना साधते हुए कहा, “जिस प्रदेश में रोजगार के लिए IIT बनना था, वहां SIT बन रही है। डबल इंजन की डबल टंकी में कितना भ्रष्टाचार हो रहा है, सब देख रहे हैं।”
ओवैसी गठबंधन पर बयान
ओवैसी से गठबंधन को लेकर पूछे गए सवाल पर अखिलेश ने जवाब दिया, “समाजवादी पार्टी इंडिया गठबंधन का हिस्सा है और चुनाव में भी रहेगी। 2024 में हमने बीजेपी को हराया है। बीजेपी हारी है, ऐसे में कई ताकतें सामने आएंगी जो बीजेपी को फायदा पहुंचाना चाहेंगी। कोई भी कारोबार करने वाला (ओवैसी की ओर इशारा) बीजेपी का मुकाबला नहीं कर सकता।”
2027 चुनाव और बीजेपी की रणनीति
अखिलेश यादव ने 2027 के विधानसभा चुनाव को लेकर आत्मविश्वास जताया। उन्होंने कहा, “2027 चुनाव के लिए समाजवादी पार्टी और कार्यकर्ताओं के साथ जनता भी ज्यादा तैयार है।”
उन्होंने दावा किया कि बीजेपी नवंबर में चुनाव कराने का रूमर फैला रही है। “यह लोग सभी विधानसभाओं का सर्वे करा रहे हैं। पांच-पांच लोगों को भेजा गया है। सर्वे के रिजल्ट के अनुसार ही चुनाव का फैसला लेंगे। अगर खाद और DAP नहीं मिला तो किसानों का आक्रोश नहीं झेल पाएंगे, इसलिए नवंबर में चुनाव करवा सकते हैं।”
अन्य मुद्दे
अखिलेश यादव ने महंगाई, बेरोजगारी, विदेश नीति की असफलता और विदेश में मारे गए भारतीयों के शव न लौटने का भी मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि सरकार रूमर फैला रही है क्योंकि सत्ता से मोह नहीं छोड़ना चाहती। अखिलेश ने चढ़ावे पर डाका डालने वालों के खिलाफ कानूनी और भगवान की FIR का भी जिक्र किया।












































