UP: रायबरेली में नूडल्स सप्लाई करने वाली कंपनी के एक एजेंट ने वसूली की रकम हड़पने के लिए खुद के साथ लूट होने की झूठी कहानी गढ़ दी। आरोपी ने पुलिस को सूचना दी कि बाइक सवार बदमाश उससे हजारों रुपये लूटकर फरार हो गए हैं। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तत्काल जांच शुरू की, लेकिन शुरुआती पड़ताल में ही कहानी संदिग्ध नजर आने लगी।
सीसीटीवी और पूछताछ ने खोली सच्चाई
अपर पुलिस अधीक्षक आलोक सिंह ने बताया कि सूचना मिलने के बाद भदोखर थाना प्रभारी राकेश चंद्र के नेतृत्व में तीन टीमें गठित की गईं। घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली गई, जिसमें शिकायत के अनुरूप कोई गतिविधि नहीं मिली। इसके बाद जब शिकायतकर्ता निजाम से गहन पूछताछ की गई तो उसने पूरी साजिश का खुलासा कर दिया।
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46 हजार रुपये की वसूली कर बनाई गबन की योजना
जांच में सामने आया कि आरोपी निजाम मूल रूप से बिहार के अररिया जिले के जोकीहाट थाना क्षेत्र का रहने वाला है और डलमऊ निवासी नूडल्स सप्लायर ऋषि द्विवेदी के यहां एजेंट के रूप में कार्यरत था। सोमवार को उसने विभिन्न दुकानदारों से माल की सप्लाई के बदले कुल 46 हजार रुपये वसूले थे। रकम मालिक को सौंपने के बजाय उसने उसे हड़पने की योजना बना ली और लूट की झूठी कहानी तैयार कर दी।
40 हजार जीजा के खाते में भेजे, बिहार भागने की थी तैयारी
पुलिस के अनुसार आरोपी ने वसूली गई राशि में से 40 हजार रुपये अपने जीजा के बैंक खाते में ट्रांसफर कर दिए, जबकि 6 हजार रुपये अपने पास रख लिए। इसके बाद वह बिहार भागने की तैयारी में था ताकि किसी को उस पर शक न हो। फर्जी लूट की सूचना देकर वह पुलिस और अपने मालिक दोनों को गुमराह करना चाहता था।
रेलवे स्टेशन से गिरफ्तारी, भेजा गया जेल
पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मंगलवार को दरियापुर रेलवे स्टेशन के पास से आरोपी निजाम को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में उसने पूरे घटनाक्रम की पुष्टि की। पुलिस ने उसके खिलाफ आवश्यक कानूनी कार्रवाई करते हुए उसे न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। अधिकारियों का कहना है कि झूठी सूचना देकर पुलिस को गुमराह करने वालों के खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की जाएगी।
















































