फर्रुखाबाद। जनपद में भीषण गर्मी के बीच चरमराई बिजली व्यवस्था ने लोगों का जीना मुश्किल कर दिया है। लगातार हो रही अघोषित कटौती और घंटों गुल रहने वाली बिजली से परेशान ग्रामीणों का गुस्सा बुधवार को फूट पड़ा। दर्जनों गांवों के सैकड़ों ग्रामीणों ने कम्पिल विद्युत उपकेंद्र पहुंचकर जोरदार प्रदर्शन किया और बिजली विभाग के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। आक्रोशित ग्रामीणों ने कम्पिल नगर, धर्मपुर और रुदायन फीडर बंद करा दिए, जिससे पूरे इलाके की सप्लाई प्रभावित हो गई और उपकेंद्र परिसर में अफरा-तफरी मच गई।
ग्रामीणों का आरोप है कि पिछले करीब 10 दिनों से क्षेत्र की बिजली व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त हो चुकी है। कई गांवों में दिन-रात बिजली कटौती हो रही है, जबकि रात के समय भी पर्याप्त सप्लाई नहीं मिल रही। भीषण गर्मी और उमस के कारण लोगों का घरों में रहना दूभर हो गया है। छोटे बच्चे, बुजुर्ग और महिलाएं सबसे अधिक परेशान हैं।
प्रदर्शन में शामिल ग्रामीणों ने बताया कि कम्पिल थाना क्षेत्र के कादरदादपुर सराय, बिसलड़ी, कटिया, धनी नगला, पुरोरी, सरहिया समेत कई गांवों में बिजली संकट चरम पर है। ग्रामीणों ने कहा कि कई बार शिकायत करने के बावजूद विभागीय अधिकारी समस्या का समाधान नहीं कर रहे हैं।
किसानों पर दोहरी मार, सूखने लगी मक्के की फसल
बिजली संकट का असर अब किसानों की खेती पर भी साफ दिखाई देने लगा है। किसानों ने बताया कि इस समय खेतों में मक्के की फसल खड़ी है, लेकिन बिजली न मिलने से ट्यूबवेल नहीं चल पा रहे हैं। सिंचाई पूरी तरह बाधित हो गई है, जिससे फसल सूखने की कगार पर पहुंच गई है।
बिसलड़ी निवासी विकास प्रधान, शिवानंद, नत्थू, सचिन, मोहन, सुनील, शैलेश, रीगल कुमार, विकास और राहुल समेत कई किसानों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द बिजली व्यवस्था में सुधार नहीं हुआ तो उनकी पूरी फसल बर्बाद हो जाएगी और भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ेगा।
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लाइन काटकर सप्लाई डाइवर्ट करने का आरोप
ग्रामीण शिव सिंह ने बिजली विभाग पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि उनके गांव में पिछले पांच दिनों से बिजली का एक बल्ब तक नहीं जला। उनका आरोप है कि होतेपुर से आने वाली लाइन काटकर दूसरी जगह सप्लाई डाइवर्ट कर दी गई है, जिससे होतेपुर से जसरथपुर तक करीब 18 गांव अंधेरे में डूबे हुए हैं।
इसके अलावा ग्रामीणों ने उपकेंद्र पर तैनात ऑपरेटर अशोक कुमार पर अभद्र व्यवहार करने और शिकायतों को नजरअंदाज करने का आरोप भी लगाया। ग्रामीणों का कहना था कि जब भी बिजली समस्या को लेकर बात की जाती है तो सही जवाब नहीं दिया जाता।
धरने पर डटे ग्रामीण, दी आंदोलन की चेतावनी
बिजली संकट से नाराज ग्रामीण लंबे समय तक उपकेंद्र परिसर में धरने पर बैठे रहे। प्रदर्शन में अतुल कुमार शाक्य, अमित शाक्य, आशीष शाक्य, ताराचंद, प्रभात, अभिनाश, सूरज शाक्य, रामवीर, गुड्डू, नन्हे समेत बड़ी संख्या में किसान और ग्रामीण मौजूद रहे।
ग्रामीणों ने साफ चेतावनी दी कि जब तक क्षेत्र में रोस्टर के अनुसार नियमित बिजली आपूर्ति शुरू नहीं होती और खराब व्यवस्था में सुधार नहीं किया जाता, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा। लगातार बढ़ते जनाक्रोश को देखते हुए बिजली विभाग के अधिकारियों में भी हड़कंप की स्थिति बनी रही।









































