फतेहपुर: गोकशी के खिलाफ कार्रवाई में खागा और हथगांव पुलिस ने आधी रात जंगल में ऐसा शिकंजा कसा कि आरोपियों के भागने के रास्ते बंद हो गए। 24/25 अगस्त की रात ससुर खदेरी नदी के पास बरकतपुर गांव के जंगल में पुलिस और आरोपियों के बीच मुठभेड़ हो गई। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में गोकशी के मुकदमे में प्रकाश में आए आरोपी शहजादे पुत्र दरगाही, निवासी अमांव के दाहिने पैर में गोली लगी। घायल आरोपी को पुलिस ने तत्काल जिला अस्पताल फतेहपुर भेज दिया।
मुठभेड़ के दौरान भागने की कोशिश कर रहे शहजादे के बेटे सीबू उर्फ शहबाज आलम (28) को पुलिस टीम ने घेराबंदी कर दबोच लिया। दोनों आरोपी थाना खागा में दर्ज मुकदमा अपराध संख्या 345/26, धारा 3/5/8 उत्तर प्रदेश गोवध निवारण अधिनियम से संबंधित बताए गए हैं।
औजारों का जखीरा बरामद, तमंचा भी मिला
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से गोकशी में इस्तेमाल होने वाले औजारों की बड़ी खेप बरामद करने का दावा किया है। मौके से छह चाकू, दो कुल्हाड़ी, एक चापड़, दो साल वाला पत्थर, गोवंश बांधने की रस्सी/डोरी और सीकड़ बरामद हुई। इसके साथ ही 315 बोर का तमंचा, एक खोखा कारतूस और एक जिंदा कारतूस भी पुलिस के हाथ लगा।
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13 से ज्यादा मुकदमे, अपराध की लंबी फेहरिस्त
पुलिस की अब तक की जांच में दोनों आरोपियों का आपराधिक इतिहास भी सामने आया है। अधिकारियों के अनुसार फतेहपुर के विभिन्न थानों के साथ अन्य जनपदों में भी दोनों के खिलाफ 13 से अधिक मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस अब उनके पूरे आपराधिक नेटवर्क और पुराने मामलों की कुंडली खंगाल रही है।
मुठभेड़ के बाद पुलिस ने साफ कर दिया है कि गोकशी और आपराधिक गतिविधियों में शामिल आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई का सिलसिला जारी रहेगा। थाना खागा पुलिस मामले में आगे की वैधानिक कार्रवाई में जुटी है।
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