वाराणसी: भेलूपुर थाना क्षेत्र के शिवाला में सीवर जाम होने के मामले को लेकर सोमवार को समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ता जिला मुख्यालय पहुंचे। सपा कार्यकर्ताओं ने जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर पूरे मामले की मजिस्ट्रियल जांच कराने की मांग की। कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि शिवाला में जानबूझकर सीवर जाम किया गया, जिससे स्थानीय लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा और काशी की छवि प्रभावित हुई।
मामले को लेकर सपा कार्यकर्ताओं ने वाराणसी के मेयर अशोक तिवारी पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका आरोप है कि सीवर को जाम करने के लिए बालू से भरी बोरियां डाली गई थीं।सपा नेता राजू यादव के नेतृत्व में कार्यकर्ता जिला मुख्यालय पहुंचे और जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा। उन्होंने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की। सपा नेताओं का आरोप है कि सीवर जाम होने की घटना सामान्य नहीं थी, बल्कि इसके पीछे जानबूझकर की गई कार्रवाई की आशंका है। उन्होंने कहा कि मामले की सच्चाई सामने लाने के लिए प्रशासन को मजिस्ट्रियल जांच करानी चाहिए।
सपा कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि यदि सीवर में बालू से भरी बोरियां डाली गई थीं तो इसकी जिम्मेदारी तय की जानी चाहिए। उनका कहना है कि धार्मिक और पर्यटन की दृष्टि से महत्वपूर्ण काशी में इस तरह की घटना से शहर की छवि पर प्रतिकूल असर पड़ता है।शिवाला में सीवर जाम से जुड़ा वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आने के बाद मामला राजनीतिक रूप से भी गरमा गया था। सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने भी इस वीडियो को अपने एक्स अकाउंट पर साझा किया था। इसके बाद सपा नेताओं और कार्यकर्ताओं ने मामले को लेकर प्रशासन से जांच की मांग तेज कर दी।
सपा नेता राजू यादव ने मेयर अशोक तिवारी पर जानबूझकर काशी की छवि खराब करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच के बाद ही वास्तविकता सामने आ सकती है। इसी को देखते हुए जिलाधिकारी से मजिस्ट्रियल जांच कराने की मांग की गई है।सपा कार्यकर्ताओं ने कहा कि जांच के दौरान सीवर जाम करने के कारणों, मौके पर डाली गई सामग्री और घटना से जुड़े सभी पहलुओं की जांच की जाए।



















































