मऊ सदर से विधायक अब्बास अंसारी की मुश्किलें एक बार फिर बढ़ती नजर आ रही हैं। गाजीपुर के मोहम्मदाबाद स्थित उनके पैतृक आवास ‘फाटक’ पर पुलिस ने देर रात दबिश देकर नोटिस थमाया है। पुलिस को सूचना मिली थी कि सुप्रीम कोर्ट से मिली राहत की निर्धारित अवधि समाप्त होने के बावजूद अब्बास अंसारी वहीं रह रहे हैं।गोपनीय सूचना के आधार पर मोहम्मदाबाद के क्षेत्राधिकारी (सीओ) भारी पुलिस बल के साथ देर रात करीब 11 बजे से 12 बजे के बीच ‘फाटक’ पहुंचे। मौके पर मौजूद अब्बास अंसारी को पुलिस ने सीधे नोटिस रिसीव कराया।
क्या है मामला?
चित्रकूट में दर्ज गैंगस्टर एक्ट के एक मामले में सुप्रीम कोर्ट ने मानवीय आधार पर अब्बास अंसारी को राहत दी थी। अदालत की अनुमति के तहत उन्हें गाजीपुर स्थित पैतृक आवास पर सीमित अवधि तक रहने की इजाजत मिली थी।पुलिस के अनुसार, अब्बास अंसारी ने पहले जो कार्यक्रम दिया था, उसके मुताबिक उन्हें 13 मई को गाजीपुर आना था। हालांकि तय अवधि बीतने के बाद भी उनके लगातार ‘फाटक’ में ठहरने और रात्रि विश्राम करने की सूचना पुलिस को मिलती रही।
नोटिस में क्या कहा गया?
पुलिस द्वारा जारी नोटिस में दो प्रमुख बिंदुओं पर जवाब मांगा गया है, यदि अब्बास अंसारी के पास वर्तमान में वहां रहने का कोई वैध अदालती आदेश है, तो उसे तत्काल प्रस्तुत करें। यदि कोई वैध आदेश नहीं है, तो तत्काल प्रभाव से पैतृक आवास खाली करें, क्योंकि अनुमति की अवधि समाप्त हो चुकी है।
24 घंटे का समय
सूत्रों के मुताबिक, नोटिस तामील किए जाने के दौरान अब्बास अंसारी पुलिस को कोई नया अदालत का आदेश नहीं दिखा सके। पुलिस ने उन्हें लिखित जवाब और संबंधित दस्तावेज प्रस्तुत करने के लिए 24 घंटे का समय दिया है। समय सीमा के भीतर संतोषजनक जवाब नहीं मिलने पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा सकती है।











































