UP: समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने बुधवार को लखनऊ स्थित पार्टी मुख्यालय में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में भारतीय जनता पार्टी पर कई मुद्दों को लेकर निशाना साधा। उन्होंने अयोध्या राम मंदिर में चढ़ावे की कथित चोरी के मामले का जिक्र करते हुए कहा कि भाजपा के लिए धर्म का मतलब सिर्फ धन है। इस दौरान सपा की ओर से जारी ‘ऑडिट-2’ रिपोर्ट और ‘राम नगरी में गोरखधंधा’ नामक पुस्तिका का भी उल्लेख किया गया।
अयोध्या प्रकरण पर उठाए सवाल
अखिलेश यादव ने कहा कि जिन जगहों पर गड़बड़ियां होती हैं, वहां अक्सर सीसीटीवी फुटेज गायब हो जाते हैं। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि ‘सीसी’ का मतलब अब ‘चढ़ावा चोरी’ और ‘चंदा चोरी’ बन गया है। उन्होंने आरोप लगाया कि अयोध्या में स्थानीय लोगों की समस्याओं को सरकार ने नजरअंदाज किया और जब दुकानों को हटाया गया तो प्रभावित लोग न्याय की उम्मीद में समाजवादी पार्टी के पास पहुंचे।
गोरखपुर को लेकर सरकार पर हमला
सपा प्रमुख ने गोरखपुर से जुड़े कई आंकड़े प्रस्तुत करते हुए दावा किया कि वहां करीब 500 प्राथमिक विद्यालय बंद किए गए, जिससे बड़ी संख्या में रोजगार प्रभावित हुए। उन्होंने दलित उत्पीड़न और स्वास्थ्य सेवाओं की स्थिति पर भी सवाल खड़े किए। अखिलेश यादव ने कहा कि गोरखपुर के कार्यकर्ताओं ने आगामी चुनावों में भाजपा को कड़ी चुनौती देने का संकल्प लिया है।
2027 विधानसभा चुनाव की तैयारी तेज
समाजवादी पार्टी आगामी 2027 विधानसभा चुनाव को ध्यान में रखते हुए संगठन को मजबूत करने और सामाजिक समीकरण साधने में जुटी है। इसी क्रम में बुधवार को समाजवादी ब्राह्मण सभा के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं की बैठक आयोजित की गई, जिसमें अगस्त में प्रस्तावित कार्यक्रमों और संगठनात्मक विस्तार की रणनीति पर विस्तार से चर्चा की गई।
संतों के सम्मान और मंदिर दर्शन पर बयान
अखिलेश यादव ने कहा कि समाजवादी पार्टी सभी साधु-संतों का सम्मान करती है और उसका विचार सभी वर्गों को साथ लेकर चलने का है। उन्होंने कहा कि पार्टी का अपना मंदिर निर्माण कार्य जल्द पूरा होगा, जिसके बाद वह राम मंदिर जाकर दर्शन भी करेंगे। इसके साथ ही उन्होंने धार्मिक संस्थाओं के आर्थिक प्रबंधन और विभिन्न फंडों के हिसाब-किताब को लेकर भी पारदर्शिता की मांग उठाई।
















































